जहांगीराबाद युवती की हत्या में गिरफ्तार आरोपी देवकांत उत्तम।
जहांगीराबाद। खालौर स्टेडियम के पास 23 मई को नग्न अवस्था में मिले युवती के शव की गुत्थी को पुलिस ने सुलझा लिया है। शव की पहचान उसकी नाक में पहनी गई नथनी से हुई। जांच में सामने आया है कि युवती (21) उन्नाव की रहने वाली थी। वह 21 मई को संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गई थी। पहचान छिपाने के इरादे से उसका शव बुलंदशहर के जहांगीराबाद क्षेत्र में लाकर फेंक दिया गया था।
सीओ अनूपशहर विकास प्रताप सिंह चौहान ने बताया कि युवती ने 19 मई को उन्नाव के शेखपुर स्थित एक निजी अस्पताल संचालक के खिलाफ शारीरिक शोषण की शिकायत दर्ज कराई थी। आरोप है कि शिकायत के बाद 21 मई को अस्पताल संचालक के भतीजे और एंबुलेंस चालक विवेक पटेल ने युवती को मोबाइल पर संदेश भेजकर मिलने के लिए बुलाया। परिजनों ने काफी तलाश की लेकिन उसका कोई सुराग नहीं मिला। इसके बाद मां ने बर्रा थाने में अपहरण और हत्या की आशंका जताते हुए रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
पुलिस ने एंबुलेंस चालक विवेक पटेल को हिरासत में लेकर पूछताछ की। सूत्रों के अनुसार उसने युवती की गोली मारकर हत्या करने और शव को बुलंदशहर में फेंकने की बात स्वीकार की। इसके बाद पुलिस ने अस्पताल संचालक की तलाश तेज कर दी। बढ़ते दबाव के बीच उसने मंगलवार को बर्रा थाने पहुंचकर आत्मसमर्पण कर दिया। दोनों आरोपियों से पुलिस पूछताछ कर हत्या के पीछे की वजह और घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ रही है।
उधर, जब प्रयासों के बाद भी शव की पहचान नहीं हो पाई तो पुलिस ने पहले ही अंतिम संस्कार करा दिया था।हालांकि जांच के मद्देनजर डीएनए नमूने और युवती की नाक की नथनी सुरक्षित रख ली थी। जब जांच टीम परिजनों के पास पहुंची और नथनी दिखाई गई तो उन्होंने उसे तत्काल पहचान लिया। इसके बाद पुलिस को शव की पहचान का महत्वपूर्ण आधार मिल गया।
एसपी देहात अंतरिक्ष जैन ने बताया कि शव की पहचान के लिए कई टीमें लगातार काम कर रही थीं। नथनी की पहचान होने के बाद जांच को महत्वपूर्ण सफलता मिली है। डीएनए सैंपल का मिलान कराया जा रहा है। उसके बाद पहचान की औपचारिक पुष्टि हो जाएगी।
जहांगीराबाद युवती की हत्या में गिरफ्तार आरोपी देवकांत उत्तम।