रिवाड़ा गांव में पूर्ति अधिकारी बनकर राशन डीलर की जांच करने पहुंचे दो शातिरों को ग्रामीणों ने दबोचकर धुनाई कर दी। फिर पुलिस को सौंप दिया। जबकि तीसरा आरोपी गाड़ी लेकर भागने में कामयाब हो गया। पुलिस ने तीनों कथित अधिकारियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर लिया है। आरोपियों की पहचान रोहित पुत्र नारायण निवासी मांगलौर थाना सलेमपुर, बाबूलाल पुत्र भूप सिंह निवासी मऊ थाना अहमदगढ़ के रूप में की गई है।
बता दें कि शनिवार को बोलेरो गाड़ी मे सवार तीन पूर्ति अधिकारी रिवाड़ा में राशन डीलर समसुददीन की सरकारी गल्ले की दुकान पर पहुंचे। शातिरों ने खुद को लखनऊ में तैनात पूर्ति विभाग का अधिकारी बताकर दस्तावेज जब्त कर लिए। इसके बाद दस्तावेज में कई खामियां निकाल दी। इस दौरान ग्रामीणों की भीड़ मौके पर पहुंच गई। इसी बीच कथित अधिकारियों की कनाफूसी पर राशन डीलर को संदेह हो गया। बात-बात में डीलर ने सुनिश्चित कर लिया की तीनों कथित अधिकारी फर्जी है।
खुद को फंसता देख शातिर खिसकने की फिराक में लग गए। तभी ग्रामीणों ने उन्हें दबोच लिया और जमकर धुनाई कर दी। हालांकि इस बीच मौका पाकर एक आरोपी गाड़ी लेकर भागने में कामयाब हो गया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने दोनो फर्जी अधिकारियों को हिरासत में ले लिया।
कोतवाल प्रभात कुमार वर्मा ने बताया कि पकड़े गए कथित अधिकारियों की पहचान रोहित पुत्र नारायण निवासी मांगलौर थाना सलेमपुर, बाबूलाल पुत्र भूप सिंह निवासी मऊ थाना अहमदगढ़ के रूप में की गई है। कोतवाली प्रभारी ने बताया कि फरार शातिर की भी शिनाख्त हो गई है। पकड़े गए दोनों आरोपियों को जेल भेज दिया गया है।