गन्ना पेराई की तैयारी में जुटीं चीनी मिलें, मरम्मत शुरू
बुलंदशहर। जनपद की चीनी मिलों में गन्ना पेराई सत्र 2020-21 को लेकर तैयारियां तेज हो गई हैं। चाराें चीनी मिलों में करीब 60 फीसदी मरम्मत का कार्य पूरा हो चुका है। डीसीओ ने सभी चीनी मिलों को मरम्मत कार्य शुरू करने के लिए पत्र जारी कर दिया है। अफसरों ने बताया कि नवंबर माह के प्रथम सप्ताह से गन्ना पेराई सत्र की शुरूआत हो सकती है।
बुलंदशहर जनपद में गन्ने की बंपर पैदावार होती है। इस बार जनपद में 64 हजार हेक्टेयर से अधिक भूमि में गन्ने की फसल है। चार चीनी मिलें किसानों से बड़ी मात्रा में गन्ना खरीदती हैं। अब नया गन्ना पेराई सत्र नजदीक आते ही चीनी मिलों को चलाने की तैयारी तेजी से चल रही है। अनूपशहर की सहकारी चीनी मिल, सबितगढ़ की त्रिवेणी चीनी मिल, अगौता की अनामिका चीनी मिल और बुलंदशहर की वेव चीनी मिल में 60 फीसदी मरम्मत का कार्य पूरा कर हो चुका है। शेष कार्य भी तेजी से कराया जा रहा है। सितंबर माह तक इस कार्य को पूरा करा लिया जाएगा। डीसीओ चीनी मिलों से प्रतिदिन मरम्मत कार्य की अपडेट ले रहे हैं। नया गन्ना पेराई सत्र नवंबर माह के पहले सप्ताह से शुरू हो जाएगा।
चीनी मिलों पर 138 करोड़ रुपये बकाया
पिछले गन्ना पेराई सत्र का चीनी मिलों पर अभी 138.50 करोड़ रुपये बकाया है। नए सत्र की तैयारी चल रही है, लेकिन किसानों का भुगतान अब भी फंसा हुआ है। गन्ना विभाग के अनुसार साबितगढ़ पर 45 करोड़ 50 लाख 54 हजार, अनामिका पर 27 करोड़ 77 लाख 68 हजार, वेव मिल पर 45 करोड़ 62 लाख 95 हजार और सहकारी चीनी मिल पर 19 करोड़ 34 लाख 18 हजार बकाया है। हालांकि भुगतान के मामले में जनपद मेरठ मंडल में टॉप पर है। चीनी मिलें अब तक 565 करोड़ पांच लाख 54 हजार रुपये का भुगतान कर चुकी हैं।