बुलंदशहर। नरौरा के रामघाट में कार्तिक गंगा मेला के दौरान लगाए गए झूला टूटने से बच्ची की मौत के मामले में डीएम ने एसडीएम से जवाब मांगा है। पूछा है कि बिना अनुमति के झूला कैसे लगाया गया। डीएम ने निर्देश दिए हैं कि एक सप्ताह में मामले में जांच कर रिपोर्ट दी जाए। इस प्रकरण में एसडीएम ने चुप्पी साध ली है।
गंगा मेले में बुधवार को एक चरखा झूला टूटने से हिमांशी (7) की मौत हो गई थी। 12 लोग घायल हुए थे। शुरुआती जांच में पता चला है कि मेला परिसर में झूला लगाने के लिए अनुमति नहीं ली गई थी। इस पर डीएम श्रुति ने एसडीएम को नोटिस जारी करते हुए जांच कर जवाब देने के निर्देश दिए हैं। इसमें संचालक बाबू खान भी घायल हुआ था लेकिन वह मौके से भाग गया। उसे अभी तक पुलिस नहीं ढूंढ पाई है।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक झूला चलाने पर आवाज आ रही थी। इसके चलते कई लोगों ने इसकी जांच करने के लिए संचालक से कहा लेकिन उसने किसी की नहीं सुनी और निर्बाध रूप से झूला संचालित रखा। एसआई मनोज कुमार की शिकायत पर झूला संचालक समेत अन्य के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। साथ ही अलीगढ़ निवासी चांद, आजाद और नन्हे व इंंदिरा चौक अतरौली निवासी अदनान को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।