ग्राम प्रधान और पंचायत सचिव ने साठगांठ कर सरकारी खजाने से विकास की आड़ में 2.97 लाख रुपये निकाल लिए। तहसील दिवस में ग्रामीणों ने प्रधान और सचिव की शिकायत जिलाधिकारी से की थी। डीएम ने जांच कराई तो आरोप सही निकले।
डीएम ने सचिव के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने का आदेश दिया है। सचिव को 15 दिन के भीतर 2.97 लाख रुपये सरकारी खजाने में जमा कराने होंगे।
अनूपशहर तहसील में आयोजित मंगल दिवस में पाली परतापुर के ग्रामीणों ने डीएम शुभ्रा सक्सेना से शिकायत की थी। डीएम ने संबंधित मामले की जांच का आदेश डीपीआरओ को दिया था।
ढकरौली न्याय पंचायत में तैनात सचिव अनिल कुमार तितोरिया ने पाली परतापुर के प्रधान से साठगांठ कर तीन किश्तों में ग्रामसभा के अकाउंट से 2.97 लाख रुपये निकाल लिए। प्रधान और सचिव ने रुपयों की निकासी गांव में विकास कार्य कराने की आड़ में की।
डीपीआरओ ने बताया कि रुपये निकालने की कोई अनुमति नहीं ली गई। विकास कार्यों का न कोई प्रस्ताव बनाया गया और न ही तकनीकी रुप से स्वीकृति ली गई। ग्राम प्रधान सुनील कुमार को डीएम के आदेश का नोटिस भेज दिया गया है।
नोटिस में 15 दिन के भीतर प्रधान को जवाब देना होगा। साथ ही वित्त एवं प्रशासनिक अधिकार खत्म करने की चेतावनी प्रधान को दी गई है। सचिव पर भी एफआईआर दर्ज कराने का आदेश हुआ है, साथ ही साथ सचिव से रिकवरी का नोटिस भेज दिया गया है।