बुलंदशहर/अनूपशहर। विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) के नये नियमों के विरोध में बुधवार को जगह-जगह छात्र-छात्राओं व सवर्ण समाज के लोगों ने धरना प्रदर्शन किया। अखिल भारत वर्षीय ब्राह्मण महासभा के पदाधिकारियों ने विरोध दर्ज कर डीएम के माध्यम से प्रधानमंत्री को ज्ञापन भेज कर कानून को निरस्त करने की मांग उठाई।
वहीं, अनूपशहर ब्लॉक क्षेत्र के गांव डूंगरा जोगी में सवर्ण समाज के लोगों और छात्र-छात्राओं ने एकजुट होकर विरोध प्रदर्शन करते हुए पुतला दहन किया। प्रदर्शनकारियों ने नए नियमों को काला कानून बताते हुए इसे तत्काल वापस लेने की मांग की। कलक्ट्रेट में ज्ञापन देने पहुंचे अखिल भारत वर्षीय ब्राह्मण महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष वैद्य गोपाल दत्त शर्मा ने कहा कि इस कानून को लेकर सवर्ण जाति के विद्यार्थियों में अनिश्चिता एवं उत्पीड़न का भय व्याप्त हो गया है।
यह कानून सवर्ण जाति के विद्यार्थियों के उचित नहीं नही है। महासभा की मांग है कि इस कानून को तत्काल निरस्त किया जाए। साथ ही सभी को समान अधिकार देते हुए सबका सम्मान किया जाए।
इस दौरान ज्ञापन देने वालों में पंडित देवदत्त शर्मा, पंडित महेश वशिष्ठ, धर्मेंद्र कौशिक, सुनील शर्मा, प्रेमप्रकाश शर्मा, कुलदीप शर्मा, उपेंद्र शर्मा, रामेश्वर प्रसाद शर्मा, भानु प्रताप शर्मा, मुकेश पंडित, पंडित चूड़ामणि शर्मा व पंडित तोताराम आदि पदाधिकारी मौजूद रहे।
दूसरी ओर अनूपशहर क्षेत्र के गांव डूंगरा जोगी में बड़ी संख्या में लोग एकत्रित हुए और हाथों में तख्तियां लेकर यूजीसी के खिलाफ नारेबाजी की। तख्तियों पर यूजीसी काला कानून वापस लो, छात्र विरोधी नियम नहीं चलेंगे, शिक्षा के साथ अन्याय बंद करो जैसे नारे लिखे हुए थे। आक्रोशित लोगों ने यूजीसी के नए नियमों का प्रतीकात्मक पुतला दहन कर अपना विरोध दर्ज कराया।
प्रदर्शन के दौरान माहौल पूरी तरह से जोश और आक्रोश से भरा नजर आया। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि नए नियमों से शिक्षा व्यवस्था कमजोर होगी और इसका सीधा असर सामान्य वर्ग के छात्र- छात्राओं के भविष्य पर पड़ेगा। सवर्ण समाज के लोगों ने कहा कि सरकार को छात्र- छात्राओं और समाज के हितों को ध्यान में रखते हुए इन नियमों को तुरंत वापस लेना चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।
इस विरोध प्रदर्शन में ठाकुर महेश, प्रधान संजीव शर्मा, कुलदीप शर्मा, अनिल शर्मा, नवनीत शर्मा, गौतम शर्मा, अनिल राघव, गगन राणा, राहुल राघव, सत्येंद्र सिंह, शिवम राघव, जितेंद्र राघव, देवेंद्र शर्मा, मूल शर्मा, संदीप शर्मा, अंशु शर्मा, लोकेश शर्मा, विनय शर्मा, मोनू शर्मा, भोला शर्मा, योगेश, शिबू, रामबाबू शर्मा, राकेश शर्मा सहित अनेक ग्रामीण और युवा उपस्थित रहे।