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टिड्डी दल का अलर्ट, तेज आवाज- धुएं से मिलेगी राहत

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टिड्डी दल का अलर्ट, तेज आवाज- धुएं से मिलेगी राहत
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बुलंदशहर। जनपद में टिड्डी दल के आने का खतरा बढ़ गया है। कृषि विभाग ने अलर्ट जारी कर अधिकारियों को दिशा निर्देश जारी कर दिया है। टिड्डी दल के हमले के बाद निपटने के लिए कनस्तर व तेज आवाज व धुआं कर निजात पाने की सलाह दी जा रही है। जिला कृषि रक्षा अधिकारी ने किसानों से टिड्डी दल को भगाने के लिए तैयार रहने का आह्वान किया है।
प्रत्येक वर्ष पाकिस्तान के रास्ते राजस्थान में टिड्डी दल प्रवेश करता है। इस दल में लाखों की संख्या में टिड्डी होती हैं। यह जहां भी पहुंच जाती हैं, वहां पर फसलों को कुछ ही समय में चट कर जाती हैं। फसल बर्बाद होने पर किसान को भी बड़ा नुकसान उठाना पड़ता है। गत वर्ष भी कई बार राजस्थान में पाकिस्तान से टिड्डी दल ने प्रवेश किया था। इनमें से तीन बार टिड्डी दल ने जनपद में भी प्रवेश कर लिया था। लेकिन कृषि विभाग की ओर से पहले ही अलर्ट जारी होने के बाद जनपद के विभागीय अधिकारियों की मदद से किसानों ने टिड्डी दल को खदेड़ने में सफलता पा ली थी। इसके चलते फसलों को अधिक नुकसान नहीं हुआ था। अब एक बार फिर कृषि विभाग के निदेशक ने अलर्ट जारी करते हुए जिला कृषि रक्षा अधिकारी को पत्र भेजकर अवगत करवाया है कि पाकिस्तान के रास्ते राजस्थान में टिड्डी दल प्रवेश कर गया है। यह टिड्डी दल जनपद में भी पहुुंच सकता है। इसलिए टिड्डी दल से निपटने के लिए अभी से तैयारी शुरू कर दी जाए, ताकि उन्हें समय रहते भगा दिया जाए और फसलों को बचाया जा सके। जनपद में टिड्डी दल के पहुंचने का अलर्ट जारी होते ही जिला कृषि रक्षा अधिकारी ने किसानों टिड्डी दल को भगाने के लिए तैयार रहने का आह्वान किया है। उन्होंने यह भी बताया कि यदि किसी क्षेत्र में टिड्डी दल पहुंचता है तो इसकी सूचना तुरंत विभाग को दी जाए। विभाग की ओर से टिड्डी दल को भगाने में हरसंभव प्रयास किए जाएंगे।
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तेज आवाज से उड़ जाती हैं टिड्डी
जिला कृषि रक्षा अधिकारी अमरपाल ने बताया कि यदि किसी क्षेत्र में टिड्डी दल पहुंच जाए तो उसे भगाने के लिए कड़ी मशक्कत करनी होती है। टिड्डी से को आगे उड़ाने और भगाने के लिए तेज आवाज की जरूरत होती है। किसान टिड्डी को भगाने के लिए थाली, परात, घंटा, कनस्तर या तेज आवाज वाले साउंड का सहारा ले सकते हैं। जब किसान तेज आवाज के साथ आगे बढ़ते रहते हैं तो टिड्डी वहां से उड़ना शुरू हो जाती है। यह सिलसिला तब तक जारी रहे, जब तक एक-एक टिड्डी उड़ न जाए। इसके अलावा इन्हें भगाने का कोई दूसरा विकल्प नहीं है।
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कृषि विभाग के निदेशक ने अलर्ट जारी करते हुए अवगत करवाया है कि पाकिस्तान के रास्ते टिड्डी दल राजस्थान में प्रवेश कर चुका है। टिड्डी दल जनपद में भी पहुंच चुका है। इसकी सूचना मिलते ही विभाग की ओर से टिड्डी दल को भगाने की तैयारी शुरू कर दी है। साथ ही किसानों से भी आह्वान किया है कि वह भी तैयार रहें और जिस भी क्षेत्र में टिड्डी दल आए उसकी सूचना तुरंत विभाग को दी जाए।
अमरपाल, जिला कृषि रक्षा अधिकारी।
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