एक्साइज ड्यूटी के विरोध में सर्राफा व्यापारी 15 को जिला से लेकर तहसील तक प्रदर्शन करेंगे। वहीं, 17 को दिल्ली पहुंचकर केंद्र सरकार के खिलाफ मोर्चा खोलेंगे। यह फैसला व्यापारियों ने शनिवार को किया है। बैठक में नगर, जिला और प्रदेश स्तर के नेताओं को आमंत्रित किया जाएगा।
बता दें कि स्वर्णकार संघ के प्रांतीय अध्यक्ष प्रताप वर्मा ने बताया कि 15 मार्च को सर्राफा व्यापारी जिले के तहसीलों, कस्बों और ग्रामीण क्षेत्रों में केंद्र सरकार के खिलाफ प्रदर्शन करेंगे। जबकि 17 मार्च को दिल्ली में केंद्र सरकार के खिलाफ अपनी आवाज बुलंद करेंगे।
आंदोलन को सफल बनाने के लिए व्यापारी ग्रामीण क्षेत्रों से करीब 40 बसों में सवार होकर दिल्ली पहुंचेंगे। इसकी तिथि जल्द ही घोषित कर दी जाएगी। नगर की सभी व्यापार मंडलों ने सर्राफा व्यापारियों को अपना समर्थन दे दिया है।
पश्चिमी उप्र उद्योग व्यापार मंडल के संरक्षक चौ. बिजेंद्र सिंह ने कहा कि यदि केंद्र सरकार सर्राफा व्यापारियों की मांगें नहीं मानती हैं तो बाजारों को बंद किया जाएगा। वीर सैन जैन, कैलाश चंद, राधेश्याम सूरी, मनोज गर्ग आदि ने कहा कि व्यापारी एक हैं और आगे भी एकजुट होकर आंदोलन करेंगे।
जरूरत पड़ने पर सांसद का घेराव कर अपनी बात सरकार तक पहुंचाया जाएगा। चंद्रकांत सिंघल, नरेंद्र अग्रवाल, सुनील कुमार चीन, अंकुर अग्रवाल, नीरज जिंदल और संजय अग्रवाल ने कड़े शब्दों में कहा कि यदि सरकार ने एक्साइज ड्यूटी वापस नहीं ली तो उसे आगामी विधानसभा चुनाव में इसके परिणाम भुगतने होंगे।
इस मौके पर वेद पंडित, राजकुमार गुप्ता, आशीष शिशौदिया, अरविंद अग्रवाल, वेदप्रकाश वर्मा, अजय वर्मा, राम वर्मा, अरुण वर्मा, अनुज अग्रवाल, डॉ. कमलकिशोर भारद्वाज रहे।