गन्ना पेमेंट और ब्याज की मांग को लेकर भाकियूू के बैनर तले किसानों ने कलक्ट्रेट घेर लिया। आक्रोशित किसान मागों को लेकर डीएम की कार के सामने बैठ गए। पुलिस और प्रशासनिक अफसरों के समझाने के बाद भी किसान शांत नहीं हुए।भाकियू के प्रदेश सचिव मांगेराम त्यागी और जिलाध्यक्ष कैप्टन बिशन सिंह के नेतृत्व में किसान कलक्ट्रेट में जमा हुए।
किसानों का कहना है कि हापुड़ की ब्रजनाथ शुगर मिल और सिंभावली शुगर चीनी मिल प्रबंधन किसानों का पैसा दबाए हुए हैं। किसानों को दो माह पूर्व पाई-पाई मिल जानी चाहिए थी, मगर प्रशासन और गन्ना विभाग के अफसरों की उदासीनता के चलते किसानों को पेमेंट नहीं हो पाया।
किसानों को एक सप्ताह में गन्ना पेमेंट दिलाया जाए अन्यथा किसान सड़कों पर उतरने के लिए मजबूर होंगे। किसानों ने यह भी बताया कि चीनी मिल हापुड़ की होने के कारण हापुड़ का प्रशासन उनकी नहीं सुन रहा है। बुलंदशहर का प्रशासन भी मिल प्रबंधकों पर दबाव नहीं बना पा रहा है।
ऐसे में किसान किस के दर पर अपना दुखड़ा सुनाए। इस दौरान किसानों ने जिला प्रशासन और गन्ना अफसरों के खिलाफ नारेबाजी और प्रदर्शन भी किया। डीएम आंजनेय कुमार सिंहऔर एसडीएम लालता प्रसाद के आश्वासन पर किसान शांत हुए।