थाना क्षेत्र के गांव चरौरा मुस्तफाबाद में सोमवार शाम मोहर्रम की आठ तारीख होने पर शिया समुदाय के लोगों ने दुलदुल घोड़े का जुलूस निकालकर हजरत इमाम हुसैन की सैदाइयों और उनकी शाहदत्त की याद में दहकते अंगारों पर चलकर मातम किया।
समशुल हसन, फरमान खां, बाबू जान, मौलाना अबूल हसन, मौलाना अली मोहम्मद, विलायत अली, नासिर अली ने पहला मरशिया पढ़कर दुलदुल घोड़े के जुलूस की शुरुआत की। जुलूस में शामिल शिया समुदाय शोक के प्रतीक काले रंग के कपड़े पहनकर नंगे पैर मातम करते हुए चल रहे थे। जुलूस बड़ी मस्जिद पर पहुंचकर खूनी मातम में तब्दील हो गया।
दुलदुल घोड़े को कई स्थानों पर श्रद्धालुओं ने जलेबी, चने की दाल और बालूसाई खिलाई। मौलाना अली मोहम्मद ने इमाम हुसैन की याद में करबला का वाकया सुनाया। दुलदुल घोड़े में सगीर गांधी जनसेवा ट्रस्ट की ओर से निशुल्क मेडिकल कैंप लगाया गया। जिला पंचायत सदस्य सुनील चरौरा ने दुलदुल घोड़े पर फूलों की चादर चढ़ाई।
जुलूस में हाजी साबिर, मोहम्मद जुल्फकार, रजब अली, वसीम , अमजद अली, मोहम्मद हसन, मौलाना फरहान, अमीर हसन, साकिर अली, सलमान हैदर, वाहिद अली, डाक्टर जाकिर, कासिम अहमद आदि मौजूद रहे।
सिद्दत से निकाला जुलूस ताबूत
रविवार की रात सिद्दत से जुलूस ताबूत निकाला गया। इसी तरह सोमवार की रात जुलूस झूला निकाला। नगर के ऊपर कोट पर जुलूस ताबूत रविवार रात दस बजे से शुरू हुआ।
जो मोहल्ला काजीबाड़ा से शुरू होकर बजरिया, शेखान, दरगाह, चौहट्टा, छत्ता, लाल कुंआ, कसाई बाड़ा और सराय काजी से होकर तहसील वाली चढ़ाई मोहल्ला खिड़की तहसील से मोहल्ला सादात में संपन्न हुआ।
वहीं सोमवार रात को जुलूस झूला निकाला गया, जो इमाम बारगाह दरगाह से शुरू होकर मोहल्ला सादात ठेक पर संपन्न हुआ। इसमें समाज के लोगों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। आज मंगलवार को जुलूस दुलदुल दोपहर तीन बजे से मोहल्ला सादात से शुरू होगा और विभिन्न मार्गों से होता हुआ वापस मोहल्ला सादात में ही संपन्न होगा।
अलमों का जुलूस निकाला
मोहर्रम की सात तारीख पर रविवार रात अलमों का जुलूस निकाला गया। जुलूस मोहल्ला सादात स्थित बड़ वाले इमाम बाड़े से प्रारंभ हुआ। जुलूस मेें सोगवार हाथों में अलम लेकर चल रहे थे। पीछे पीछे नंगे पैर शोक के प्रतीक काले रंग के वस्त्र पहने हुए सोगवार हुसैन की याद में मातम करते चल रहे थे।
जुलूस इमाम बाड़े पर पहुंचकर संपन्न हुआ। जुलूस में हसनैन अब्बास नकवी, अबू तालिब जैदी, मास्टर नसीम, शाहिद नकवी, डाक्टर मंजूर हसन, मोहम्मद आमिर, अमीर नकवी, सलमान नकवी, जर्रार हुसैन मौजूद रहे।
दुलदुल का जुलूस निकला
मुस्लिम समुदाय के लोगों ने नगर में दुलदुल का जुलूस निकाला। मौहल्ला शेखान से छोटा बाजार, पुलिस चौकी, घंटा घर बुरा गली, के सामने होता हुआ करबला पर देर शाम समाप्त हुआ। सोगवार मातम करते चल रहे थे।
डॉ. एमएच जाफरी, अनवर अली जैदी, शादाब, हैदर अब्बास, जफर जाफरी, डा. खुशनूद आदि थे। सीओ प्रेम प्रकाश यादव सहित काफी संख्या में पुलिस बल तैनात रहा।
अलम का जुलूस निकाला
पहासू (ब्यूरो)। मोहर्रम की सातवीं तारीख को सोंगवारों ने जुलूस निकाला। इमामबाड़े से शुरू होकर जुलूस गुल्लक बाजार, सब्जी मंडी, काली हवेली होता हुआ वापस इमामबाड़ा पहुंचा। अस्के हैदरी अखाड़ा और उस्ताद साबिर अखाड़ा ने जूलूस में अपने हैरतअंगेज कर्तब दिखाए। जिसकी काफी चर्चा रही।
काफी संख्या में सोंगवार नोहखानी पढ़ रहे थे। रसूल की याद में किए गए मातम ने माहौल को और गमगीन बना दिया। अजमल छोटे, फरीद अंसारी, तोता अब्बास, हयात खान, मतीन, इकबाल आदि रहे।
शिकारपुर में आठवीं मोहर्रम का जुलूस निकाला
शिकारपुर। शिया समुदाय के लोगों द्वारा आठवीं मोहर्रम का जुलूस निकाला गया। सोमवार को जुलूस मोहल्ला कानूनगोय स्थित कूफें वाले इमामवाड़ा से शुरू होकर लालदरवाजा, गंजसादात होता हुआ नेशनल इंटर कॉलेज पर संपन्न हुआ। जुलूस में शोगवार छाती पीटकर मातम कर रहे थे।
मुमताज हैदर, शफाहत हुसैन, लईकुल हसनैन नकवी, मोहम्मद हसनैन, अनवार हैदर, रियाज, डा.मोहम्मद रजा, रजा अब्बास, मोहम्मद मेंहदी, मजाहिर अंसारी, अली हसन, नकी अब्बास, बबलू मियां आदि रहे।