पांच महीने बाद भी चार्जशीट दाखिल नहीं होने पर संजय हत्याकांड के तीसरे आरोपी नरेंद्र को भी सीजेएम कोर्ट से जमानत मिल गई। इस हत्याकांड में नामजद दो अन्य आरोपियों अरुण और नितिन को भी इसी आधार जमानत मिल चुकी है।
29 जून 2016 की सुबह 7.30 बजे गांव किसौला निवासी संजय की उसके खेत पर गोली मारकर हत्या कर दी थी। संजय के छोटे भाई राजीव उर्फ छोटन ने पांच लोगों को नामजद करते हुए एफआईआर दर्ज कराई थी। इंस्पेक्टर स्याना आरके शर्मा ने दो सितंबर को अरुण उर्फ गुंजन निवासी गांव सिखेड़ा थाना कोतवाली देहात, नितिन पुत्र महेंद्र निवासी गांव किसौला और नरेंद्र पुत्र रामकिशन निवासी अमीनगर थाना कोतवाली देहात को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।
बाद में जांच में इनकी नामजदगी फर्जी पाया। वादी पक्ष की शिकायत पर विवेचना मेरठ क्राइम ब्रांच ट्रांसफर हो गई। आरोपियों के अधिवक्ता संदीप डागर ने बताया कि नौ नवंबर 2016 को जिला जज अली जामिन की कोर्ट ने अरुण और 19 नवंबर 2016 में नितिन को जमानत पर रिहा कर दिया।
वहीं तीसरे आरोपी नरेंद्र को जेल में तीन माह पूरे हो गए। इस आधार पर कोर्ट में जमानत के लिए प्रार्थना पत्र दिया गया जिसे सीजेएम पारुल श्रीवास्तव ने स्वीकार करते हुए 80-80 हजार के दो जमानती और निजी बंध पत्र पर जमानत के आदेश दिए।