लगातार ड्यूटी करने से परेशान सिपाही ने बुधवार को अपने साथियों पर ही लोडेड रायफल तान दी। वे भागे तो वह रायफल लेकर उनके पीछे दौड़ा। सूचना पाकर पहुंचे डीएम-एसएसपी ने सिपाही को बातों में उलझाकर काबू कराया। इस दौरान करीब एक घंटे तक पुलिस लाइन में हंगामा चलता रहा।
मेरठ के गांव क्वारसी थाना सरधना निवासी राहुल कुमार राणा पुत्र स्व. ओमवीर सिंह पुलिस में सिपाही है। बुधवार शाम उसकी ड्यूटी पुलिस लाइन में बतौर क्वार्टर गार्ड लगी थी। शाम करीब चार बजे ड्यूटी करते-करते अचानक राहुल गुस्से में आ गया। उसने अपने साथी सिपाहियों पर राइफल तान दी और परेड ग्राउंड की ओर भाग गया।
इस दौरान पुलिस लाइन में सिपाही और अन्य लोगों में हड़कंप मच गया। तत्काल अधिकारियों और कंट्रोल रूम को सूचना दी गई गई। इसके साथ ही पुलिस लाइन में सभी सुरक्षित जगहों की ओट में आकर लोडेड रायफल लेकर घूम रहे गुस्साएं राहुल कुमार से बचने लगे।
इसकी जानकारी तत्काल डीएम-एसएसपी को दी गई। सूचना पर डीएम आंजनेय कुमार, एसएसपी सोनिया सिंह और एसपी सिटी मानसिंह चौहान फोर्स के साथ पहुंच गए। शुरुआत में एसएसपी सोनिया सिंह ने राहुल को बात करके समझाने की कोशिश की।
एसएसपी ने कई बार राहुल से हथियार डालकर बात करने को कहा, लेकिन वह ग्राउंड में रोता हुआ ईधर-उधर जाता रहा और अपना कसूर पूछता रहा। इसके बाद डीएम आगे बढ़े और डीएम-एसएसपी ने सिपाही के नजदीक जाकर उसे बातों में उलझा लिया।
कंधे पर राइफल रखे सिपाही रोते हुए अधिकारियों से दूरी बनाकर बात करता रहा। इसी बीच एसएसपी का इशारा पाकर उनके पीआरओ शौकेंद्र बालियान ने नंगे पैर ग्राउंड में सिपाही को पीछे से दबोच लिया। इसी बीच अन्य पुलिसकर्मी भी राहुल पर टूट पड़े और राइफल झपट ली।
राहुल ने रोते हुए बताया कि वह आठ दिन से लगातार क्वार्टर गार्ड पर ड्यूटी कर रहा था। इसके लिए कई बार गणना मुंशी से मना कर चुका था। राहुल बार बार खुदकुशी करने की बात कह रहा था। डीएम-एसएसपी ने सिपाही से एकांत में बात कर उसके दुख-दर्द को जाना। उसने डीएम से गणना कार्यालय बंद कराने की भी मांग की।
माना जा रहा है कि गणना कार्यालय से ही राहुल को शिकायत थी। डीएम-एसएसपी ने इस पूरे मामले की जांच का आदेश एसपी सिटी और एएसपी को दे दिया गया है। बता दें कि 22 अगस्त 2016 को पुलिस लाइन में तैनात सौरभ त्यागी ने एक सिपाहियों की गोली मारकर हत्या कर दी थी। उसके बाद सौरभ ने खुद को भी गोली से उड़ा लिया था।
डेढ़ माह बिना बताए गैर हाजिर रहा था राहुल
काम के दबाव से परेशान जिस सिपाही राहुल ने अपने ही साथियों पर रायफल तानी वह 22 जनवरी 2017 में आगरा से ट्रांसफर होकर आया था। कुछ दिन तक लाइन में रहने के बाद राहुल डेढ़ माह तक बिना बताए गैर हाजिर हो गया था। इस कारण राहुल का वेतन नहीं बन सका था।
आर्थिक तंगी के चलते राहुल डिप्रेशन में जी रहा था। पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, नौ अक्तूबर 1987 को जन्में राहुल ने बीए पास किया है। 19 नवंबर 2006 में राहुल पुलिस में भर्ती हुआ था। विभिन्न जनपदों में रहने के बाद राहुल 22 जनवरी 2017 में जनपद आगरा से आमद दर्ज कराई थी।
राहुल का पीएनओ नंबर 062017594 और बैच नंबर 4398 है। पुलिस ने बताया कि राहुल के पिता की कैंसर की बीमारी के चलते मौत हो गई थी। इसके कुछ दिन बाद बीमारी के चलते मां की मौत हो गई थी। माता-पिता की बीमारी में हुए खर्च के चलते राहुल की काफी जमीन बिक चुकी है।