बिजली संविदाकर्मियों के वेतन पर सपा नेता और ठेकेदार मिलकर डाका डाल रहे हैं। पिछले दिनों संविदाकर्मियों की हड़ताल के बाद भी वेतन नहीं दे रहे ठेकेदारों के टेंडर निरस्त किए गए थे। इस पर एक सपा नेता अफसरों को धमकी दे रहा है। इतना ही नहीं उसने पांच लाख रुपये रंगदारी भी मांगी। मामले की रिपोर्ट ऊर्जा सचिव के अलावा एमडी, चीफ इंजीनियर को भेजी गई है।
सिकंदराबाद और शिकारपुर खंड के संविदाकर्मियों को पिछले कई माह से वेतन नहीं मिला था। कर्मियों ने पिछले माह इसके खिलाफ हड़ताल शुरू कर दी थी। हड़ताल बढ़ती देख अधीक्षण अभियंता ने सभी एक्सईएन से इस बाबत रिपोर्ट मांगी थी।
इसके बाद सिकंदराबाद और शिकारपुर एक्सईएन की संस्तुति पर टेंडर निरस्त कर दिए गए थे। टेंडर निरस्त होने से ठेकेदारों के साझीदार एक सपा नेता ने अफसरों को धमकाना शुरू कर दिया है। पुष्ट सूत्रों का दावा है कि सपा नेता ने बिजली निगम के एक बड़े अफसर के साथ काफी अभद्रता भी की है।
इस अफसर से अभद्रता की सूचना जैसे ही उच्चाधिकारियों को मिली तो रिपोर्ट ऊर्जा सचिव, एमडी, चीफ इंजीनियर समेत तमाम अफसरों को भेजी गई है।