हाईवे पर मां-बेटी के साथ गैंगरेप के मामले में एक अगस्त को जेल गए तीन आरोपियों की जमानत पर शुक्रवार को सुनवाई नहीं हो सकी। न्यायाधीश ने जमानत याचिका पर सुनवाई के लिए पांच नवंबर की तारीख तय की है। बता दें कि 29 जुलाई की रात हाईवे पर मां-बेटी के साथ गैंगरेप की वारदात हुई थी। पुलिस ने एक अगस्त को आरोपी रईस, जबर सिंह और शाबेज को गिरफ्तार कर जेल भेजा था।
इसके बाद नौ अगस्त को पुलिस ने कन्नौज निवासी सलीम, परवेज और साजिद को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। इसके कुछ दिन बाद से सीबीआई मामले की जांच कर रही है। तब से अब तक आरोपियों की न्यायिक हिरासत कई बार बढ़ चुकी है। 30 अक्तूबर को सीबीआई को कोर्ट में चार्जशीट पेश करनी थी, लेकिन तब से दो बार समय बढ़ चुका है।
रईस, जबर सिंह और शाबेज के अधिवक्ता मोहम्मद असलम ने बताया कि बृहस्पतिवार दोपहर विशेष न्यायाधीश पाक्सो एक्ट न्यायाधीश ध्रुव तिवारी के न्यायालय में एक जमानत संबंधी प्रार्थना पत्र दिया था। उन्होंने कहा कि तीनों आरोपियों को झूठा फंसाया गया है। पुलिस ने तीनों को पकड़ने के बाद कोतवाली देहात में कई दिन तक बैठाए रखा।
तीनों आरोपी पिछले 90 दिन से जेल में हैं, लेकिन जांच एजेंसी चार्जशीट दाखिल नहीं कर पाई है। जांच एजेंसी को दो नवंबर 2016 को चार्जशीट कोर्ट में पेश करनी थी। बृहस्पतिवार दोपहर न्यायाधीश ने जमानत याचिका पर सुनवाई के लिए शुक्रवार का दिन तय किया था लेकिन शुक्रवार को भी सुनवाई नहीं हुई। अधिवक्ता ने बताया कि अब शनिवार को जमानत याचिका पर सुनवाई होगी।