खांसी की दवा कोरेक्स समेत करीब 347 फिक्स डोज कांबिनेशन ड्रग्ज को प्रतिबंधित किया गया है।
अवैध दवाओं के काले कारोबार में अफसरों के हाथ सरगना तक पहुंच गए हैं। जांच में पता चला है कि दवा का यह कारोबार नोएडा से चल रहा था। सरगना की पहचान के अलावा बुलंदशहर के नौ कारोबारी चिह्नित किए गए हैं।
करोड़ों रुपये की अवैध दवाओं की सप्लाई के मामले में वाणिज्य कर विभाग और औषधि विभाग ने जांच तेज कर दी है। जांच में पता चला है कि काले खेल का कारोबार मुजफ्फरनगर निवासी एक बड़ा कारोबारी नोएडा से संचालित कर रहा है। इस दवा की बड़ी खेप अभी जिले में ही विभिन्न स्थानों पर होने की भी सूचना मिल रही है।
शनिवार को वाणिज्य कर विभाग की टीम ने ताबड़तोड़ छापेमारी की। जांच में नोएडा के व्यापारी का नाम सामने आया है। इस पूरे खेल में जनपद के नौ व्यापारी चिह्नित किए गए हैं। इसमें पांच व्यापारी दवा के काम से जुड़े हुए हैं, जबकि चार व्यापारी अन्य हैं। इसमें एक व्यापारी शहर के एक बड़े जनप्रतिनिधि का पिता भी बताया जा रहा है।
इन व्यापारियों के ठिकानों पर भी वाणिज्य कर विभाग की टीम कार्रवाई कर सकती है। वहीं औषधि विभाग के अफसरों ने भी कार्रवाई तेज कर दी है। जांच की जा रही है। कई बड़े व्यापारियों के नाम सामने आ रहे हैं। इस काले खेल के सरगना के तार नोएडा से जुड़ रहे हैं। जिले में भी कई व्यापारी चिह्नित किए गए हैं।
जल्द ही इनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। - विकास सेठ, असिस्टेंट कमिश्नर, सेल्स टैक्स बाजार से दवाओं के सैंपल लिए जा रहे हैं। कुछ अहम सुराग मिले हैं। प्रतिबंधित दवाओं की तस्करी को लेकर शासन को भी रिपोर्ट भेजी गई है। कुछ दवा व्यापारियों की संलिप्तता भी नजर आ रही है। जल्द बड़ी कार्रवाई की जाएगी। - नरेश मोहन दीपक, ड्रग इंस्पेक्टर