एनएच -91 पर मां-बेटी से गैंगरेप के आरोपी जबर सिंह को जमानत पर रिहा करने के लिए शुक्रवार को कोर्ट ने रिहाई परवाना जारी कर दिया लेकिन देर से जेल पहुंचने के कारण उसकी रिहाई नहीं हो सकी। वहीं इस मामले के दो अन्य आरोपी रईस और शावेज के जमानतियों के प्रपत्रों की वेरीफिकेशन रिपोर्ट शुक्रवार को भी न्यायालय में नहीं पहुंची।
बता दें कि 29 जुलाई 2016 की रात हाईवे पर मां-बेटी के साथ गैंगरेप की वारदात हुई थी। पुलिस ने एक अगस्त 2016 को आरोपी रईस, जबर सिंह और शाबेज को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। इसके बाद नौ अगस्त को पुलिस ने कन्नौज निवासी सलीम, परवेज और साजिद को गिरफ्तार कर जेल भेजा था।
बीते शनिवार को कोर्ट ने रईस, जबर सिंह और शाबेज की जमानत मंजूर करते हुए दो-दो लाख के दो-दो जमानती दाखिल करने का आदेश दिया था। रईस की जमानत देने वालों ने कोतवाली देहात पुलिस पर सही तस्दीक न करने और गलत रिपोर्ट भेजने का आरोप लगाया था।
इसके बादे कोर्ट ने पुलिस से स्पष्ट रिपोर्ट मांगी थी लेकिन पुलिस ने अभी तक कोर्ट में स्पष्ट रिपोर्ट नहीं दी।
वहीं शुक्रवार को दूसरे आरोपी जबर सिंह के जमानतियों के प्रपत्र तस्दीक होकर कोर्ट पहुंचे। प्रपत्रों का अवलोेकन करने के बाद कोर्ट ने रिहाई का परवाना जारी कर दिया। जेलर कुलदीप भदौरिया ने बताया कि जबर सिंह की रिहाई का परवाना समय सीमा के बाद मिला है। उसकी रिहाई शनिवार सुबह होगी।