प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी समाजवादी पेंशन योजना में एक और फर्जीवाड़ा सामने आया है। समाज कल्याण अधिकारी और ग्राम पंचायत अधिकारी पर आरोप है कि उन्होंने अगौता ग्राम प्रधान के फर्जी हस्ताक्षर कर 27 अपात्रों को समाजवादी पेंशन की सूची मेें शामिल कर दिया है।
ग्राम प्रधान ने मामले की शिकायत डीएम से की है। प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी समाजवादी पेंशन योजना को उनके ही अधिकारी पलीता लगा रहे हैं। अगौता ग्राम प्रधान का आरोप है कि ब्लॉक पर तैनात समाज कल्याण अधिकारी और ग्राम पंचायत अधिकारी ने योजना के तहत केवल पांच पेंशन ही अगौता के हिस्से में मिलने की बात कही थी।
साथ ही लाभार्थियों से 1200-1200 रुपये की मांग भी की थी। प्रधान द्वारा दी गई पांच पेंशन में से तीन पेंशन आ गई, जबकि दोनों अधिकारियों ने ग्राम प्रधान के फर्जी हस्ताक्षर करके 27 अपात्रोें से 2000-2000 रुपये लेकर उनकी पेंशन पास कर दी। पेंशन आते ही फर्जीवाड़े का खुलासा हो गया।
ग्राम प्रधान ने पेंशन स्वीकृत होने के बाद अधिकारियों से पूछा तो वह दंग रह गए। ग्राम प्रधान नीतू चौहान ने फर्जी हस्ताक्षर के साथ मुहर लगाकर पेंशन योजना में फर्जीवाड़े का आरोप लगाया है।
ग्राम प्रधान ने डीएम को शिकायती पत्र देकर मामले की जांच कराकर दोषी अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। समाज कल्याण अधिकारी से प्रकरण में जानकारी करने का प्रयास किया तो उन्होंने कॉल रिसीव करने के बाद फोन काट दिया।