कोतवाली क्षेत्र के गांव डूंगरा जाट निवासी क्लर्क को अगवा कर उससे 22 हजार कैश और पल्सर बाइक लूट ली। तीन दिन बाद मंगलवार सुबह संदिग्ध हालात में बदहवास हालत में चांदौक दोराहे पर मिला।
उसके गले में प्लास्टिक की रस्सी थी। सूचना पर पहुंचे परिजनों और पुलिस ने उसे बुलंदशहर के अस्पताल में भर्ती कराया। गांव डूंगरा जाट निवासी बीएसएफ से रिटायर्ड जंगवीर सिंह ने पुलिस को बताया कि उनका बेटा विनीत कुमार(28) गांव अंधियार स्थित सहकारी खाद्य गोदाम में क्लर्क है।
वह रोजाना बाइक पर दफ्तर जाता है। 16 जनवरी की सुबह करीब 10.30 बजे विनीत बाइक पर दफ्तर के लिए निकला था। उसके बाद खाद्य बिक्री के करीब 22 हजार रुपये थे। 11 बजकर 40 मिनट पर उसका मोबाइल स्विच ऑफ हो गया।
कोतवाली में गुमशुदगी की तहरीर दी, लेकिन पुलिस ने सुनवाई नहीं की। मंगलवार सुबह करीब 4.30 बजे विनीत बदहवास हालत में चांदौक दोराहे के निकट जंगल में मिला। एक अज्ञात व्यक्ति ने परिजनों को फोन कर यह जानकारी दी।
विनीत के गले में प्लास्टिक की रस्सी पड़ी हुई थी। शरीर पर चोट के निशान और कपड़े फटे हुए थे। पुलिस और परिजनों ने अस्पताल में भर्ती कराया। विनीत ने पुलिस और परिजनों को इशारे से ही घटना की जानकारी दी।
विनीत को मंगलवार सुबह पुलिस अस्पताल लाई। वह अचेत हालत में था। उसकी स्थिति नाजुक थी। विनीत सहमा हुआ है। ज्यादा कुछ बोलने में असमर्थ है। -डॉ. एसके गर्ग-फिजीशियन
16 जनवरी से लापता विनीत मंगलवार सुबह चांदौक दोराहे के निकट बदहवास हालत में मिला है। परिजनों की तहरीर और विनीत से पूछताछ के बाद जांच कर आगे की कार्रवाई की जाएगी। -पंकज कुमार पांडेय-एसपी देहात