अवैध संबंधों में बाधक बनने पर हुई थी शहाबुद्दीन की हत्या
- पुलिस ने आरोपी पत्नी, उसके प्रेमी व एक अन्य को किया गिरफ्तार
- गत आठ अक्तूबर को छतारी थाना क्षेत्र में हत्या कर काली नदी में फेंका था शव
अमर उजाला ब्यूरो
बुलंदशहर। पत्नी और उसके प्रेमी के बीच अवैध संबंधों का विरोध करना शहाबुद्दीन को भारी पड़ गया था। इसी कारण आरोपी प्रेमी ने साथी व आरोपी पत्नी के साथ मिलकर उसकी हत्या कर दी थी और शव को अलीगढ़ के जवां थाना क्षेत्र से गुजर रही काली नदी के किनारे फेंक दिया था।
एसपी देहात प्रमोद कुमार तिवारी ने बताया कि छतारी थाना क्षेत्र के गांव पंडावल निवासी रशीद पुत्र हबीब ने गत 13 अक्तूबर को अपने चचेरे भाई शहाबुद्दीन पुत्र छोटे खां की गुमशुदगी दर्ज कराई थी। दो दिन बाद यानि 15 अक्तूबर को शहाबुद्दीन का शव अलीगढ़ के जवां क्षेत्र स्थित काली नदी के किनारे बरामद किया गया था। गुमशुदगी को हत्या की धाराओं में तरमीम कर पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी थी। जांच में सामने आया कि मृतक की पत्नी नाजरीन और आरोपी भूरा के बीच अवैध संबंध थे, जिसका शहाबुद्दीन विरोध किया करता था। विरोध करने पर ही शहाबुद्दीन को रास्ते से हटाने के लिए भूरा ने अपने साथी जयप्रकाश के साथ उसकी हत्या की साजिश रची थी। पुलिस ने मंगलवार देर शाम को तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी भूरा ने पूछताछ में बताया कि आठ अक्तूबर की देर रात उसने अपने साथी जयप्रकाश के साथ शराब पी थी। इसके बाद देर रात को वह दोनों शहाबुद्दीन के घर में घुस गए, वहीं शहाबुद्दीन की पत्नी छत पर निगरानी कर रही थी। इस दौरान दोनों आरोपियों ने दुपट्टे से शहाबुद्दीन का गला दबाकर हत्या कर दी। इसके बाद उसके शव को काली नदी के किनारे फेंक दिया था। पुलिस ने तीनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है।