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दोबारा जांच के लिए कोर्ट जाएंगी जतन सिरोही की पत्नी

Sat, 30 Jul 2016 12:55 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, बुलंदशहर
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‌सिराही - फोटो : अमर उजाला
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कुख्यात बदमाश जतन सिरोही के एनकाउंटर में फंसे पुलिसकर्मियों की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। सीबीसीआईडी की फाइनल रिपोर्ट के खिलाफ जतन की विधवा रीना कोर्ट में प्रोटेस्ट दाखिल करने की तैयारी में है। वह कोर्ट से एनकाउंटर की दोबारा जांच की मांग कर सकती है।
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सीबीसीआईडी ने 2014 में विवेचना कर फाइनल रिपोर्ट कोर्ट में पेश की थी। 28 मई 2008 को दिल्ली की रोहिणी कोर्ट से लौटते कुख्यात अपराधी जतन सिरोही पुलिस अभिरक्षा से फरार हो गया था।

इसके बाद नाकेबंदी करते हुए पुलिस ने जतन सिरोही को चोला रोड पर एक सुनसान स्थान में मार गिराया था। मानवाधिकार आयोग की सिफारिश पर मामले की जांच सीबीसीआईडी ने की थी। वहीं राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग द्वारा अपनी जांच में एनकाउंटर को फर्जी माना था।
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इसके बाद आयोग ने जतन के वारिसों को पांच लाख रुपये की राहत राशि भेजी है। राहत राशि भेजे जाने पर जतन सिरोही की पत्नी रीना सिरोही ने दम भरना शुरू कर दिया है। रीना सिरोही के अधिवक्ता धीरेंद्र सिंह ने बताया कि वर्ष 2008 में पुलिस की ओर से तत्कालीन एसओ रामघाट महेश मिश्रा ने एनकाउंटर का केस दर्ज कराया था।

जिसका क्राइम नंबर 102/349/2008 है। एनकाउंटर में नौ पुलिसकर्मी फंस रहे थे। सीबीसीआईडी ने विवेचना पूरी कर वर्ष 2014 में सभी पुलिसकर्मियों को क्लीन चिट देते हुए फाइनल रिपोर्ट लगाकर एसीजेएम प्रथम की कोर्ट में भेज दी।

इसका एफआर नंबर 239/2014 है। अधिवक्ता ने बताया कि अभी तक एफआर कोर्ट में पेंडिंग है। जिसके लिए जल्द ही कोर्ट में प्रोटेस्ट दाखिल करेंगे। जिसमें रीना सिरोही दोबारा जांच की भी मांग कर सकती हैं।
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