नौकरी छोड़ने की रंजिश में की थी गुलशन की हत्या
सिकंदराबाद। गुलशन की हत्या गांव निवासी युवक ने अपने पुत्र, भाई, एक अन्य साथी के साथ मिलकर नौकरी छोड़ने की रंजिश में की थी। पुलिस ने मामले का खुलासा करते हुए नामजद तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। जबकि एक आरोपी अभी फरार है। फरार आरोपी की तलाश में पुलिस दबिश दे रही है।
कोतवाली क्षेत्र के गांव भराना निवासी अनीस उर्फ भूरा पुत्र कालू ने रिपोर्ट दर्ज कराते हुए बताया था कि शनिवार को उसका भाई गुलशन (40) संदिग्ध हालात में लापता हो गया। कोतवाल सुनील कुमार सिंह ने बताया कि बृहस्पतिवार को अनीस ने पुन: तहरीर देते हुए बताया कि उसे जानकारी हुई है कि गांव निवासी सतीश, मुकेश उर्फ मुक्कू पुत्रगण अतर सिंह, प्रिंस पुत्र सतीश, विक्रम पुत्र हेतराम ने उसके भाई की हत्या कर शव को कही छिपा दिया है। बताया कि आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करते हुए सतीश को गिरफ्तार कर लिया। सतीश की निशानदेही पर गेसूपुर में नहर के किनारे झाड़ियों में बोरे में बंद गुलशन के शव को बरामद कर लिया गया था। पूछताछ में सतीश ने बताया कि उसके बेटे प्रिंस की लक्सर हरिद्वार में ससुराल है। लक्सर में उसने सिलाई मशीन लगाई थी। जहां उसका बेटा प्रिंस रहता था और गुलशन उसके पास काम करता था। बताया कि गुलशन ने कई महीनों तक काम किया मगर सतीश ने उसे वेतन नहीं दिया। वेतन नहीं मिलने पर वह काम छोड़कर वापस घर चला आया और गांव में ही पूर्व प्रधान हरेंद्र के यहां नौकरी कर ली। नौकरी छोड़कर आने पर सतीश उससे रंजिश रखने लगा। शनिवार को वह गुलशन को अपने साथ ले गए और जंगल में उसकी गला घोंटकर हत्या कर दी। शव को बोरे में बंद कर गांव गेसूपुर में नहर के किनारे झाड़ियों में फेंक दिया। पुलिस ने बताया कि नामजद आरोपी सतीश, विक्रम, प्रिंस को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया, जबकि मुकेश उर्फ मुक्कू अभी फरार हैं। मुकेश की गिरफ्तारी को पुलिस संभावित स्थानों पर दबिश दे रही है। जल्द ही आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया जाएगा।