नौनिहालाें की आई मौज, कुर्सी-मेज पर बैठकर करेंगे पढ़ाई
बुलंदशहर। जनपद की आंगनबाड़ी केंद्रों पर पंजीकृत बच्चों के लिए एक अच्छी खबर है। इन नौनिहालों की मौज आ गई है। अब वह कुर्सी-मेज पर बैठकर पढ़ाई कर सकेंगे। फर्नीचर के लिए शासन से 78 लाख की राशि प्राप्त हो गई है।
जनपद में 3979 आंगनबाड़ी केंद्र संचालित हैं। इनमें मिनी आंगनबाड़ी केंद्र भी शामिल हैं। इनमें से 722 आंगनबाड़ी विभाग की हैं। जबकि शेष आंगनबाड़ी केंद्र परिषदीय स्कूलों या फिर पंचायत भवन आदि में संचालित हो रहे हैं। इनमें करीब 1.50 लाख बच्चे पंजीकृत हैं। यहां पर बच्चों को अक्षर ज्ञान के साथ पोषाहार भी उपलब्ध करवाया जाता है। आंगनबाड़ी केंद्रों पर अभी तक बच्चों को बैठने के लिए फर्श अथवा दरी ही मिल पाती है। लेकिन अब वह जमीन पर न बैठकर कुर्सी-मेज पर बैठकर पढ़ाई करेंगे तो साथ ही मिलने वाला पोषाहार भी जमीन पर बैठकर नहीं खाएंगे। विभागीय अफसरों ने बताया कि आंगनबाड़ी केंद्राें पर बच्चों के लिए कुर्सी-मेज के लिए शासन से 78 लाख रुपये की राशि प्राप्त हो गई है। जो राशि मिल गई है उससे कुर्सी-मेज खरीदने के लिए सभी आंगनबाड़ी केंद्रों पर राशि भेजने की तैयारी चल रही है। प्रयास किया जा रहा है कि एक अप्रैल शुरू होने वाले नए सत्र में बच्चों को कुर्सी-मेज उपलब्ध करवा दिए जाएं। इसके लिए विभाग ने जैम पोर्टल पर कुर्सी-मेज खरीदने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी है।
आंगनबाड़ी केंद्राें पर कुर्सी-मेज के लिए शासन से राशि प्राप्त हो गई। बच्चे अब कुर्सी-मेज पर बैठकर पढ़ाई करेंगे। कुर्सी-मेज खरीदने की प्रक्रिया तेज हो गई है। जल्द ही आंगनबाड़ी केंद्रों पर यह फर्नीचर पहुंच जाएगा। - हरिओम वाजपेयी, जिला कार्यक्रम अधिकारी, बाल एवं पुष्टाहार विभाग, बुलंदशहर।