यूपी बवाल प्रकरण: एसएसपी ने दिए आरोपियाें की गिरफ्तारी के निर्देश
बुलंदशहर। नगर कोतवाली क्षेत्र स्थित मोहल्ला ऊपरकोट में गत दिनों हुए बवाल के बाद पुलिस सिर्फ 12 लोगों को ही जेल भेज सकी है। न तो पुलिस ने बलवाईयों के पोस्टर चस्पा किए और न ही आरोपियों की गिरफ्तारी की कोशिश की गई है। वहीं, अब एसएसपी ने एसआईटी का सुपरविजन कर रहे एसपी क्राइम को आरोपियों की गिरफ्तारी के निर्देश दिए हैं।
ऊपरकोट मोहल्ले में जुमे की नमाज के बाद गत 20 दिसंबर को नागरिकता संशोधन कानून को लेकर हुए प्रदर्शन ने बवाल का रूप ले लिया था। जिसमें उपद्रवियों ने पुलिस की जीप फूंक दी और वायरलैस तोड़ दिए थे। आंसू गैस गन को भी लूट लिया था। मामले में एफआईआर इंस्पेक्टर अरुणा राय की तरफ से गांव चंदेरू और ऊपरकोट के रहने वाले 23 नामजद व अन्य 700-800 अज्ञात आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई थी। वहीं, दूसरी एफआईआर देहात कोतवाली के जीप चालक रोहित कुमार की तरफ से जीप फूंकने की दर्ज कराई गई थी। तीसरी एफआईआर दारोगा तफसील अहमद की तरफ से 200 से 250 अज्ञात लोगों के खिलाफ दर्ज कराई गई है। इन मुकदमों में कुल 22 लोग नामजद हुए थे। जबकि, अन्य अज्ञात आरोपी थे। पुलिस मामले में अभी तक सिर्फ 12 लोगों को ही जेल भेज सकी है। जबकि, अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हो पाई है। मामले में एसएसपी ने सीओ सिटी के नेतृत्व में एसआईटी का गठन किया था। साथ ही इस एसआईटी का सुपरविजन एसपी क्राइम शिवराम यादव कर रहे हैं। अभी तक अन्य आरोपियों की गिरफ्तार न होने व उनके पोस्टर भी चस्पा न होने पर एसएसपी ने उन्हें निर्देशित किया है।
कोट..
तीनों मुकदमों की जांच के लिए एसआइटी गठित है। जिसमें तीन दारोगा भी शामिल हैं। एसआइटी के प्रभारी सीओ सिटी हैं। एसपी क्राइम सुपरविजन कर रहे हैं। एसआइटी को आदेश दिए गए हैं कि जल्द ही बवाल करने वाले उपद्रवियों को गिरफ्तार किया जाए। - संतोष कुमार सिंह, एसएसपी