बांग्लादेशी दंपती समेत तीन गिरफ्तार, पुलिस-प्रशासन में हड़कंप
बुलंदशहर। खुर्जा नगर पुलिस ने शुक्रवार देर शाम बांग्लादेशी दंपती समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। दंपती को पांच माह की पुत्री भी है। यही नहीं उनके फर्जी दस्तावेज तैयार करने वाले आरोपी युवक को भी पुलिस ने दबोच लिया है। शनिवार को तीनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। वहीं, पुलिस-प्रशासन में बांग्लादेशी दंपती की गिरफ्तारी के बाद हड़कंप मचा हुआ है। बताया जा रहा है कि यह परिवार यहां पिछले करीब नौ साल से रह रहा है।
एसएसपी एन कोलांचि ने शनिवार को पुलिस लाइन सभागार में प्रेसवार्ता की। इस दौरान उन्होंने बताया कि शुक्रवार देर शाम खुर्जा नगर कोतवाल सचिन मलिक टीम के साथ क्षेत्र में गश्त कर रहे थे। इस दौरान नेहरूपुर चुंगी के निकट सूचना मिली कि मोहल्ला पंजाबियान में कुछ बांग्लादेशी फर्जी दस्तावेज तैयार कर रहे हैं। सूचना मिलते ही टीम ने दबिश दी। पुलिस ने मौके से एक महिला, एक पांच माह की मासूम बच्ची समेत दो युवकों को भी धर दबोचा। पूछताछ के दौरान आरोपियों की शिनाख्त आकाश उर्फ निशी पुत्र गोपाल मूल निवासी गांव कृष्णापुर थाना रानीपुर जनपद नांवगा, बांग्लादेश, मिष्ठी पत्नी आकाश उर्फ निशी निवासी गांव कृष्णापुर थाना रानीपुर जनपद नांवगा, बांग्लादेश व तेज कृष्ण प्रताप सिंह राणा उर्फ रोबिन पुत्र सुखपाल सिंह निवासी मोहल्ला शेखसराय आलम कस्बा व थाना खुर्जा नगर के रुप में हुई। इस दौरान सामने आया कि आरोपी आकाश व मिष्ठी करीब आठ-नौ वर्ष पूर्व अवैध रुप से बंगाल के रास्ते भारत की सीमा में दाखिल हुए थे। इसके बाद दोनों खुर्जा आकर रहने लगे। यहां आकाश एक फैक्ट्री में नौकरी करता था। आकाश ने बताया कि उसने खुर्जा निवासी युवक रॉबिन के माध्यम से अपने व मिष्ठी के फर्जी दस्तावेज(पासपोर्ट आदि) तैयार कराए थे। जिसके बाद आकाश और मिष्ठी 8 दिसंबर 2017 को फर्जी दस्तावेजों के माध्यम से बांग्लादेश अपने गांव गए थे। जहां से वह 9 जनवरी 2018 को वापस भारत लौट आए थे। गांव में ही दोनों ने शादी कर ली थी। दोनों के पासपोर्ट जनवरी 2018 में कलकत्ता एयरपोर्ट पर जमा कर लिए गए थे। तीनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।