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हिस्ट्रीशीटर को दबोचने पहुंची एसओजी पर हमला, गाड़ी छोड़ भागे सीओ

Mon, 13 Jul 2020 06:52 AM IST
गाजियाबाद ब्यूरो अमर उजाला नेटवर्क, बुलंदशहर
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demo pic - फोटो : अमर उजाला
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हिस्ट्रीशीटर की तलाश में दबिश को गई एसओजी पर आरोपी ने अन्य साथियों संग मिलकर हमला कर दिया। इस दौरान आरोपियों ने पुलिस टीम पर पथराव किया, जिसमें दो सिपाही मामूली रूप से घायल हो गए। पुलिस टीम ने भी जवाबी फायरिंग की।

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लेकिन, आरोपी हिस्ट्रीशीटर काली नदी में कूदकर फरार हो गया। घटनास्थल पर लगे एक सीसीटीवी में मौके पर पहुंची पुलिस व घटना के बाद भागते पुलिसकर्मी साफ नजर आ रहे हैं। जिनके पीछे कुछ लोग लाठी-डंडे लेकर भाग रहे हैं। वही मामले में नगर पुलिस ने एसओजी प्रभारी की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू की है। 

नगर के मोहल्ला मिर्चीटोला निवासी हिस्ट्रीशीटर शाहिद की तलाश में एसओजी टीम शनिवार शाम दबिश देने के लिए पहुंची थी। बताया गया कि शाहिद ने पुलिस को देखते ही शोर मचा दिया कि पुलिस की गाड़ी में बदमाश हैं। जिसके बाद मोहल्ले के लोग छतों पर चढ़ गए और पथराव शुरू कर दिया।
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वहीं, कई लोगों ने लाठी डंडों से एसओजी सदस्यों को पीटा स्वाट को जब लगा कि कहीं कानपुर वाला कांड न हो जाए तो टीम ने पिस्टल से हवा में फायरिंग की, तब भीड़ तितर-बितर हुई। इसी का फायदे उठाते हुए हिस्ट्रीशीटर शाहिद काली नदी में कूद गया और मौके से फरार हो गया। जिसके बाद नगर कोतवाली टीम मौके पर पहुंची और एसओजी को मौके से निकाला। नगर कोतवाल अरुणा राय ने बताया कि एसओजी प्रभारी दीक्षित कुमार त्यागी की तरफ से आरोपी हिस्ट्रीशीटर शाहीद , आदिल, जाकिर, शाकिर को नामजद करते हुए 20-25 अज्ञात के खिलाफ जानलेवा हमले की धारा में रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। जल्द ही आरोपियों को दबोच लिया जाएगा।

सीसीटीवी में कैद हुई वारदात
घटनास्थल के पास लगे एक सीसीटीवी कैमरे में यह पूरी वारदात कैद हो गई है। हालांकि, पुलिस ने उक्त सीसीटीवी फुटेज को हासिल कर जांच पड़ताल शुरू कर दी है। फुटेज में साफ नजर आ रहा है कि एसओजी टीम एक गाड़ी से मौके पर पहुंची और उसके बाद टीम के ड्राइवर ने गाड़ी को बैक किया। साथ ही गाड़ी को गली के कोने पर लगा दिया। कुछ ही देर में गाड़ी से उतरे दो पुलिसकर्मी गली में घुसे और वापस भागते हुए निकल गए। उनके पीछे -पीछे काफी संख्या में लोग लाठी-डंडे लेकर पहुंचे और पथराव कर दिया। वीडियो में साफ नजर आ रहा है लोगों ने टीम पर बड़े-बड़े पत्थर फेंके और उसके बाद सभी लोग वापस लौट गए। जबकि अन्य पुलिसकर्मी मौके पर ही फंस गए, जिन्हें बाद में वहां से निकाला गया।

दबिश से पहले नहीं पहनी बुलेटप्रूफ जैकेट
सूत्रों की मानें तो दबिश के लिए गई एसओजी टीम के पास न तो बुलेटप्रूफ जैकेट थी और न ही बॉडी प्रोटेक्टर और हेलमेट था। पूरी तैयारी बिना करे टीम हिस्ट्रीशीटर को दबोचने के लिए पहुंच गई थी। लेकिन, बदमाशों ने उन्हें खदेड़ दिया। 2 जुलाई की रात कानपुर में मुठभेड़ के दौरान भी पुलिस ने ऐसी ही लापरवाही बरती थी, जिसका टीम को खामियाजा उठाना पड़ा था और सीओ, दरोगा सहित आठ पुलिसकर्मी शहीद हो गए थे, जबकि कई पुलिस कर्मी घायल भी हो गए थे।

मोहल्ले के लोगों ने शोर मचाया था, टीम के साथ कोई मारपीट नहीं हुई है। आरोपी हिस्ट्रीशीटर काली नदी में कूदकर फरार हो गया। हम पूरी तैयारी के साथ दबिश में गए थे।
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- दीक्षित त्यागी, स्वाट टीम प्रभारी

- नगर कोतवाली में आरोपी हिस्ट्रीशीटर व अन्य के खिलाफ जानलेवा हमले का मुकदमा दर्ज हो गया है। मामले की गहनता से जांच की जा रही है।
- संतोष कुमार सिंह, एसएसपी

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