डीएम से गुहार लगाने के बाद भी सिद्धेश्वर मंदिर मार्ग पर जलभराव की समस्या का निदान नहीं होनेे पर गुस्साए गांव के ग्रामीणों ने दो वकीलों के साथ मंगलवार से आमरण अनशन शुरू कर दिया है। समस्या का समाधान न होने पर डीएम को पत्र भेजकर उन्होंने आंदोलन की चेतावनी दी थी। बावजूद प्रशासनिक अधिकारियों ने कोई सुनवाई नहीं की।
सिद्देश्वर मंदिर मार्ग पर रहने वाले लोग काफी समय से जलभराव की समस्या से जूझ रहे हैं। गंदगी और बदबू से उनका घरों से निकलना दूभर हो गया है। कई बार प्रदर्शन कर लोगों ने प्रशासनिक अधिकारियों से समस्या का समाधान कराने की मांग की, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई।
इसके बाद दोनों अधिवक्ताओं ने डीएम को शिकायती पत्र भेज कर 20 जून से आमरण अनशन पर बैठने की चेतावनी दी थी। इसके बाद भी समस्या का समाधान न होता देख मोहल्ले के ही अधिवक्ता एमपी शर्मा और धर्मेन्द्र चौधरी मंदिर के सामने आमरण अनशन पर बैठ गए हैं।
दोनों अधिवक्ताओं ने कहा कि जबतक समस्या का समाधान नहीं होता उनका आंदोलन जारी रहेगा। उधर आमरण अनशन पर बैठने की जानकारी होने पर अधिवक्ता के समर्थन में मोहल्ले के अन्य लोग भी आ गए। इस दौरान मदनलाल शर्मा, कर्नल अमर सिंह, शोभारानी, निर्मला, इतवारी लाल, निगमेन्द्र सिंह, शैलेन्द्र, राजकुमार, देवराज सिंह आदि रहे।