फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बिल डिलीट घोटाले समेत करोड़ो के रिकार्ड जले

Thu, 14 Jan 2016 11:04 PM IST
अमर उजाला, बुलंदशहर
विज्ञापन
विज्ञापन
पावर कारपोरेशन के दफ्तर में बुधवार रात संदिग्ध परिस्थितियों में आग लग गई। जिससे बिल डिलीट घोटाले संबंधी और अन्य करोड़ों रुपये के रिकॉर्ड जलकर राख हो गए।
विज्ञापन


आग के कारण करीब 40 साल पुराने रिकॉर्ड जल गए हैं। आग लगने से जले रिकॉर्ड के कारण पावर कारपोरेशन अफसरों में हड़कंप मच गया। चीफ इंजीनियर ने तत्काल मामले पर संज्ञान लेते हुए एसई से रिपोर्ट तलब की है। पूरे मामले की रिपोर्ट डीएम को भी भेजी गई है।

हाइडिल कालोनी स्थित बुलंदशहर खंड में बुधवार रात तीन बजे संदिग्ध परिस्थितियों में आग लग गई। आग खंड के सबसे महत्वपूर्ण कैश रूम में लगी। कमरे में रखे करोड़ों रुपये की रसीद बुक भी जल गईं।
विज्ञापन


इसके अलावा ट्यूबवेल, फैक्ट्रियों आदि के पिछले 40 साल के रिकॉर्ड भी पूरी तरह जल गए। कमरे में रखे चारों कंप्यूटर, सीपीयू, लेजर आदि महत्वपूर्ण सामान भी जल गए।

आग लगने की जानकारी जैसे ही चौकीदार को मिली, उसने कॉलोनी में हल्ला मचा दिया। कॉलोनी निवासी कर्मचारी भी पहुंच गए। पहले टंकी में पाइप लगाकर आग बुझाने की कोशिश की गई, लेकिन जब तक आग ने विकराल रूप ले लिया।

चौकीदार ने बाबुओं और अफसरों को फोन किया। इसके बाद वहां पहुंची फायर ब्रिगेडकर्मियों ने घंटों मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। लेकिन जब तक विभाग को काफी नुकसान हो चुका था।

बिल डिलीट से जुड़े दस्तावेज भी जले
आग में बिल डिलीट फर्जीवाड़े से जुड़े दस्तावेज भी जलने की बात कही जा रही है। सूत्रों का दावा है कि अगले कुछ दिनों में एसटीएफ बुलंदशहर खंड में जांच करने वाली थी।

बताया जा रहा है कि बिल डिलीट से जुड़े महत्वपूर्ण दस्तावेजों को इस आग के हवाले कर दिया गया है। पूरे खेल में कई बाबुओं और फ्रेंचाइजीकर्मियों की संलिप्तता बताई जा रही है।

आग लगने से करोड़ों रुपये के रिकॉर्ड जलने से पावर कारपोरेशन में हड़कंप मचा हुआ है। अधिशासी अभियंता ने पूरे मामले की रिपोर्ट तत्काल अधीक्षण अभियंता और जिलाधिकारी को दी।

चीफ इंजीनियर के मामला संज्ञान में पहुंचने के बाद एसई से रिपोर्ट तलब की गई है। एक्सईएन बुलंदशहर से अधीक्षण अभियंता, चीफ इंजीनियर और जिलाधिकारी से इसकी मजिस्ट्रेट जांच की सिफारिश की है।

कैश बुक रसीदों में छिपा है फर्जीवाड़ा
करोड़ों रुपये की कैश बुक रसीदें जलने से चर्चा तेज हो गई है कि कहीं बुलंदशहर खंड में कैश रसीद घोटाले को अंजाम तो नहीं दिया गया। सूत्रों का दावा है कि बुलंदशहर खंड में बड़े स्तर पर कैश बुक रसीदों में फर्जीवाड़ा हुआ है।

सूत्रों का कहना है कि घोटाले पर परदा डालने के लिए यह आग लगाई गई है। सूत्रों की बात को इससे भी बल मिलता है कि अभी कुछ दिनों पहले ही बुलंदशहर खंड के दो कैश काउंटर के बाबुओं ने लाखों रुपये का घोटाला किया था।

इस घोटाले को पहले तो अफसर दबाए बैठे थे, लेकिन बाद में यह खुल गया था। आग लगने से करोड़ों रुपये की बिजली रसीद बुक जल गई हैं।

इसी कमरे में कैश बुक रजिस्टर रखे हुए थे। करोड़ों रुपये की रसीद जलने के बाद सबसे बड़ा सवाल है कि अब अफसर कैसे इन रसीदों का मिलान करेंगे।

फायर का नंबर मिला नहीं या मिलाया नहीं
बुलंदशहर खंड के कुछ बाबुओं को आग की सूचना मिल चुकी थी। कई बाबू मौके पर भी पहुंच गए थे। बाबुओं द्वारा बताया गया कि फायर ब्रिगेड का नंबर कई बार मिलाया गया, लेकिन मिला नहीं। इसके बाद पुलिस कंट्रोल रूम को आग की सूचना दी, जिसके बाद दमकलकर्मी पहुंचे। लेकिन तब तक आग ने अपना काम कर दिया था।

खंड के कैश रूम में करीब तीन बजे के आसपास आग लगी। चौकीदार ने आग की सूचना दी। दमकल और पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दी गई। आग से करीब 40 साल पुराने रिकार्ड जल गए हैं। आग कैश रूम में लगी, जिससे कैश बुक रसीदें भी जल गईं। डीएम, चीफ इंजीनियर और एसई को पूरी रिपोर्ट भेज दी गई है। मजिस्ट्रेट जांच की सिफारिश की गई है। - डीसी शर्मा, एक्सईएन बुलंदशहर
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें