सालाना लक्ष्य से कोसो दूर कौशल विकास के 16 पीटीपी (प्राइवेट ट्रेनिंग पार्टनर) ट्रेनिंग सेंटरों को रद्द करने की संस्तुति सीडीओ ने की है।
दरअसल, इस वित्तीय वर्ष में जिले के 5663 युवाओं को व्यवसायिक प्रशिक्षिण दिया जाना था लेकिन इन केंद्रों के तहत अब तक महज 589 युवा ही प्रशिक्षित किए गए हैं।
इससे नाराज सीडीओ ने सभी 16 सेंटरों को निरस्त करने की संस्तुति शासन से कर दी है। उल्लेखनीय है कि मुख्य मंत्री अखिलेश यादव ने प्रदेश में बेरोजगारी दूर करने के लिए कौशल विकास मिशन के तहत निशुल्क व्यवसायिक प्रशिक्षण की पहल की है।
यह मिशन मुख्यमंत्री की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। इसके तहत निशुल्क व्यवसायिक प्रशिक्षण जनपद में समदृष्टि फाउंडेशन के दो, दृष्टि फाउंडेशन का एक, आर्यन चेरिटेबल सोसाइटी के सात और जहानवी के छह पीटीपी ट्रेनिंग सेंटर संचालित हैं।
गत वित्तीय वर्ष में शासन ने 5663 युवाओं को इन सेंटरों के जरिए व्यावसायिक प्रशिक्षण देने का लक्ष्य रखा था। लेकिन अब तक इन सेंटरों में महज 589 अभ्यर्थियों को ही प्रशिक्षण दिया जा सका है। इससे नाराज सीडीओ चुनकूराम पटेल ने इन सेंटरों पर कार्रवाई की संस्तुति शासन से की है।
पीटीपी प्रशिक्षण केंद्रों के जरिए बेरोजगारों को व्यवसायिक प्रशिक्षण देने के लिए लक्ष्य निर्धारित किया गया था लेकिन प्रशिक्षण केंद्रों की लापरवाही के लक्ष्य पूरा नहीं हो पाया है। इसके चलते सीडीओ ने सभी 16 पीटीपी सेंटरों को निरस्त करने की संस्तुति शासन से कर दी है।
तौकीर अब्बास, एमआईएस के मैनेजर