अजीत हत्याकांड में पुलिस गिरफ्त में आरोपी। संवाद
बुलंदशहर। छतारी थाना क्षेत्र के गांव बामनपुर में मिले अज्ञात शव की शिनाख्त के बाद पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर वारदात का राजफाश कर दिया है। मृतक अजीत की हत्या गाड़ी लूट का विरोध करने पर दो आरोपियों ने की थी। दोनों ने लूट के इरादे से ही गाड़ी बुक की थी। आरोपियों से गाड़ी की आरसी, चाकू और खून से सनी शर्ट बरामद हुई है। दोनों को पूछताछ के बाद न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।
एसपी देहात डाॅ. तेजवीर सिंह ने बताया कि छतारी क्षेत्र के गांव बामनपुरी के जंगल में चार दिन पहले एक व्यक्ति का शव मिला था, जिसका गला कटा हुआ था। मृतक की पहचान अजीत सिंह निवासी गांव वाजीदपुर थाना नारखी जनपद फिरोजाबाद के रूप में हुई थी । मृतक के पिता राजेन्द्र पाल ने अपने ही गांव के चार लोगों अभयपाल सिंह उर्फ संजीव, राहुल, रिन्कू, पुनीत उर्फ अमित पर हत्या का आरोप लगाते हुए मुकदमा दर्ज कराया था। तकनीकी साक्ष्य एवं विवेचना के दौरान नामजद अभियुक्तों की भूमिका अभी तक नहीं पाई गई।
विवेचना के दौरान प्रकाश में आए दो आरोपियों कुलदीप निवासी गांव कीरतपुर थाना छतारी व मोनू चौहान निवासी गांव चिकावठी थाना लोधा जनपद अलीगढ़ को थाना छतारी पुलिस ने कीरतपुर जाने वाले रास्ते से गिरफ्तार किया। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने बताया कि मृतक नोएडा में टैक्सी चलाता था। आरोपियों ने आर्थिक तंगी के चलते गाड़ी लूटने के इरादे से 15 अगस्त की रात को अजीत की गाड़ी बुक की थी। रास्ते में मृतक ने गाड़ी लूटने का विरोध तो दोनों ने चाकू से गला रेतकर उसकी हत्या कर दी और शव को बामनपुरी के जंगल में फेंक दिया। आगे जाकर गौधा रोड पर गाड़ी बार-बार बंद हो रही थी जिसके कारण उन्होंने गाड़ी को वहीं जंगल में छोड़ दिया। गाड़ी को भी पूर्व में ही पुलिस बरामद कर चुकी है।
अजीत हत्याकांड में पुलिस गिरफ्त में आरोपी। संवाद