बुलंदशहर। पाइपलाइन बिछाने में फर्जीवाड़े की जानकारी अफसरों को नहीं। इसका खुलासा खुद अफसरों ने ही किया है। वहीं, चेयरमैन ने पूरे मामले पर चुप्पी साध ली है। बता दें कि ऊपरकोट, टंटान और देवीपुरा में बिना प्रस्ताव के पाइपलाइन बिछाने के दो पूर्व सभासदों ने गंभीर आरोप लगाए हैं। कार्रवाई करते हुए एडीएम वित्त ने पूरे मामले की रिपोर्ट नगरपालिका अफसरों से मांग ली। शनिवार को अफसरों से पूरे मामले की पड़ताल करने की कोशिश की तो बेहद हतप्रभ करने वाले स्थिति सामने आई। ईओ अरुण कुमार गुप्त ने बताया कि पाइपलाइन बिछाने के बारे में एई जलकल से पूछा है कि बिना प्रस्ताव कैसे पाइपलाइन बिछाई गई। एई जलकल राजीव लोचन ने बताया कि पाइपलाइन बिछाने का कोई भी कार्यादेश जारी नहीं हुआ है। पाइपलाइन बिछी है कि नहीं। यह भी जानकारी में नहीं है। वहीं, चेयरमैन पिंकी गर्ग ने बताया कि कोई पत्र मिलता है तभी जवाब दिया जा सकता है।
अब ठेकेदार पर फूटेगा ठीकरा!
पाइपलाइन बिछवाने में अफसर की भूमिका से इंकार नहीं किया जा सकता मगर दोष ठेकेदार पर ही मढ़ा जाएगा। सूत्र बताते हैं कि सीनियर से लेकर जूनियर अफसरों ने खुद को पाक साफ बनाने की योजना बना ली है। अंत में ठेकेदार फंस सकता है। डीएम-एडीएम को जवाब भी उसी योजना के तहत दिया जाएगा।