कानपुर में हुए ट्रेन हादसे के 24 घंटे बाद भी दिल्ली-हावड़ा रेल रूट पर ट्रेन संचालन पटरी पर नहीं आ पाया। कानपुर-खुर्जा होकर आने-जाने वाली सभी ट्रेनों को मुरादाबाद की ओर डायवर्ट कर दिया गया। बृहस्पतिवार को खुर्जा से गुजरने वाली सात ट्रेनें रद्द कर दी गईं। इससे यात्रियों को भारी दिक्कत का सामना करना पड़ा।
हांलाकि पैसेंजर ट्रेनों के संचालन पर असर नहीं पड़ने से यात्रियों को थोड़ी राहत मिली लेकिन भीड़ कई गुना बढ़ गई। गौरतलब हो कि बुधवार तड़के कानपुर के पास रूरा स्टेशन के समीप अजमेर-सियालदाह एक्सप्रेस के 15 डिब्बे पटरी से उतर गए थे। घटना के दूसरे दिन भी दिल्ली-हावड़ा रेलमार्ग पूरी तरह से ठप्प रहा।
दिल्ली हावड़ा रूट पर अप और डाउन गाड़ियों को गाजियाबाद-मुरादाबाद-मुगलसराय रुट से निकाला गया। मालूम रहे कि दिल्ली हावड़ा रेल मार्ग पर स्थित जंक्शन स्टेशन से होकर कई ट्रेनें गुजरती हैं। ऐसे में यात्रियों की भीड़ होने से स्टेशन पर चहल-पहल रहती थी। ट्रेन हादसे के चलते ट्रेनों का आवागमन ठप्प हुआ तो बृहस्पतिवार को रेलवे स्टेशन पर सन्नाटा पसरा रहा।
ट्रेन पकड़ने को लगानी पड़ी गाजियाबाद-हापुड़ की दौड़
रूट डायवर्जन होने के कारण दिल्ली हावड़ा रेल मार्ग पर ट्रेनों का संचालन ठप होने से यात्रियों को गाजियाबाद और हापुड़ तक दौड़ लगानी पड़ी। हांलाकि पैसेंजर ट्रेनों का आवागमन होने से थोड़ी राहत मिली है।
तीन दिन के लिए रद्द हुईं आठ ट्रेनें
हादसे के बाद 36 घंटे से ट्रेनों का आवागमन बाधित है। इसके कारण सीतामढ़ी-आनंद विहार लिच्छवी, लखनऊ-नई दिल्ली गोमती, इलाहाबाद-मेरठ संगम और ऊंचाहार एक्सप्रेस अप और डाउन आठ ट्रेनों को रेलवे ने रद्द कर दिया है।
कानपुर में हुए हादसे के कारण दिल्ली-हावड़ा रेल मार्ग पर ट्रेनों का संचालन ठप हो गया। सभी ट्रेनों का रूट डायवर्जन कर दिया गया है। - पीके गुप्ता, स्टेशन अधीक्षक, खुर्जा जंक्शन