बुलंदशहर। जिला कृषि अधिकारी ने अक्तूबर माह में एक ट्रक में ले जाई जा रही 250 कट्टे पोटाश पकड़ी थी। इसका सैंपल जांच के लिए लखनऊ स्थित लैब भेजा गया था। लैब से मिली रिपोर्ट में पोटाश का सैंपल फेल हो गया। इसमें पोटेशियम, क्लोराइड, सल्फेट, नाइट्रेट, मैग्नीशियम, कैल्शियम और सोडियम जैसे तत्व नहीं पाए गए हैं। इससे यह साफ हो गया है कि पकड़ी गई पोटाश पूरी तरह से नकली थी। इससे फसल को कोई पोषक तत्व नहीं मिलते। अब विभागीय अधिकारियों ने आगामी कार्रवाई शुरू कर दी है।
जिला कृषि अधिकारी रामकुमार यादव ने बताया कि 27 अक्तूबर को सूचना के आधार पर वलीपुरा नहर के पास ट्रक पकड़ा था। इससे 250 कट्टे पोटाश के बरामद किए गए थे। चालक और परिचालक ने पूछताछ में बताया कि वह पोटाश को अलीगढ़ लेकर जा रहे थे। सहारनपुर से पोटाश ट्रक में लोड की गई थी। उन्होंने स्वीकार किया कि वह इससे पहले भी इस तरह की पोटाश अलीगढ़ पहुंचा चुके हैं। शुरुआती जांच में यह पोटाश नकली मानी गई थी। उस दौरान मामले में रिपोर्ट दर्ज करा दी गई थी। साथ ही इसका सैंपल जांच के लिए लखनऊ स्थित लैब भेजा गया था।
उन्होंने बताया कि लैब से मिली जांच रिपोर्ट में इसका सैंपल फेल आया है। इससे यह साबित हो गया है कि ट्रक से बरामद की गई पोटाश पूरी तरह से नकली थी। पोटाश में होने वाले पोटेशियम, क्लोराइड, सल्फेट, नाइट्रेट, मैग्नीशियम, कैल्शियम और सोडियम जैसे तत्व नहीं पाए गए हैं। इसका धंधा सहारनपुर समेत कई जगह से चल रहा है। इसका पता लगाने के लिए जाल बिछा दिया है। सहारनपुर और अलीगढ़ के जिला कृषि अधिकारियों को भी पत्र लिखकर अवगत कराया जा रहा है, ताकि वहां से भी इस पर अपने स्तर से कार्रवाई की जा सके। बताया कि एफआईआर पूर्व में दर्ज हो चुकी थी और अब इसमें सैंपल फेल होने की रिपोर्ट को भी शामिल करा दिया जाएगा।