स्ट्रीट लाइटों का सिंगल प्वाइंट कनेक्शन प्रस्ताव अधर में
- गत बोर्ड द्वारा 45 लाख के कार्य को दी गई थी स्वीकृति
- कार्यादेश मिलने के बाद ठेकेदार ने दिया था करीब 15 का माल
- बिना टेंडर सेंसर लगाने के चलते सिंगल प्वाइंट कनेक्शन योजना ठप
अमर उजाला ब्यूरो
बुलंदशहर।
नगर पालिका के पिछले बोर्ड द्वारा पास किए गए स्ट्रीट लाइटों के सिंगल प्वाइंट कनेक्शन का प्रस्ताव अब भी अधर में है। नए बोर्ड की स्वीकृति के बिना पालिका अफसरों ने सिंगल प्वाइंट कनेक्शन योजना को किनारे कर बिना टेंडर प्रक्रिया अपनाए लाइटों पर सेंसर लगवाने का कार्य शुरू कर दिया।
नगर पालिका में इन दिनों शहर की स्ट्रीट लाइटों पर सेंसर लगाने का कार्य किया जा रहा है। सूत्रों ने दावा किया है कि सेंसर लगाने के लिए बोर्ड द्वारा कोई प्रस्ताव पास नहीं किया गया और न ही इसके लिए टेंडर प्रक्रिया अपनाई गई है। बताया जा रहा है कि एक चहेते ठेकेदार द्वारा इस कार्य को कराया जा रहा है। हालांकि अब तक ठेकेदार को इसके लिए कोई भुगतान पालिका द्वारा नहीं किया गया है। पालिका सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार सेंसर लगाने से पूर्व पिछले बोर्ड द्वारा लाइटों के लिए सिंगल प्वाइंट कनेक्शन योजना के प्रस्ताव को स्वीकृति दी थी। योजना पर करीब 45 लाख रुपये खर्च किए जाने थे। इससे एक सड़क की सभी लाइटों को एक ही स्थान से ऑन व ऑफ किया जा सकता था। इसके लिए अफसरों ने ठेकेदार को कार्यादेश जारी किए तो करीब 15 लाख रुपये का सामान भी ठेकेदार द्वारा लगा दिया गया। पुराने बोर्ड का कार्यकाल समाप्त हुआ तो प्रस्ताव भी ठंडे बस्ते में चला गया। अब पुराने प्रस्ताव को हटाकर बिना टेंडर प्रक्रिया के सेंसर लगवाने का कार्य शुरू करा दिया है। ऐसे में लाइटों के सेंसर लगाने पर सवाल उठ रहे हैं कि जब सिंगल प्वाइंट कनेक्शन के लिए प्रस्ताव पास होकर कार्य शुरू कर दिया था तो सेंसर लगाने की क्या आवश्यकता थी। नगर पालिका ईओ एके सिंह ने बताया कि पुराने बोर्ड के प्रस्ताव के तहत अभी तक कार्य शुरू नहीं हुआ है। इसके लिए ठेकेदार से संपर्क किया जा रहा है।