जीएसटी से सर्वाधिक फायदा व्यापारियों को : हिमांशु कुमार
खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन के प्रमुख सचिव हिमांशु कुमार ने शनिवार को वाणिज्य कर अफसरों के साथ बैठक कर जीएसटी के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
इस दौरान उन्होंने व्यापारियों को आश्वासन दिया कि उनकी समस्याओं से शासन को अवगत कराकर हर संभव समाधान करने की कोशिश की जाएगी। इस मौके पर व्यापारिक संगठनों द्वारा प्रमुख सचिव को ज्ञापन सौंपकर समस्याओं का समाधान कराने की मांग की गई।
शनिवार को जिला पंचायत सभागार में खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन के प्रमुख सचिव हिमांशु कुमार ने जिले में वाणिज्य कर अफसरों व व्यापारियों के साथ जीएसटी को लेकर बैठक आयोजित की।
इस दौरान बैठक में प्रमुख सचिव ने अफसरों को निर्देशित करते हुए कहा कि व्यापारियों की हर संभव मदद की जाए। उन्होंने अफसरों से कहा कि यदि किसी व्यापारी की समस्या बड़ी है तो उसे शासन को भेजकर अवगत कराया जाए।
इससे शासन द्वारा उनकी समस्याओं के समाधान के लिए उचित कदम उठाए जा सकें। इस मौके पर अफसर-व्यापारियों की बैठक को संबोधित करते हुए प्रमुख सचिव ने कहा कि जीएसटी लागू होने से सर्वाधिक फायदा व्यापारियों को ही है।
उन्होंने कहा कि जीएसटी लागू होने से अब व्यापारी एक ही कीमत पर कहीं से भी माल खरीद सकता है। उन्होंने कहा कि पहले चुंगी कर चुकाने में व्यापारियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता था, लेकिन अब ऐसा नहीं है।
चुंगी कर समाप्त होने से व्यापारियों के समय व धन दोनों की बचत हो रही है। जांच में पता चला है कि इससे व्यापारियों को करीब दो घंटे का समय बचेगा।
इस दौरान व्यापारियों द्वारा प्रमुख सचिव को ज्ञापन सौंपकर विभिन्न समस्याओं से अवगत कराया। प्रमुख सचिव ने भी व्यापारियों की समस्याओं को शासन स्तर तक पहुंचाने का आश्वासन किया।
पश्चिमी उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल के कार्यकर्ताओं ने प्रमुख सचिव को ज्ञापन सौंपकर व्यापारियों की समस्याओं से अवगत कराया।
इस दौरान जिलाध्यक्ष नरेश गोयल ने कहा कि व्यापारियों से कच्चे माल पर 18 तथा तैयार माल पर 5 फीसदी जीएसटी वसूला जा रहा है। उन्होंने मांग की कि उक्त टैक्स को प्रतिमाह रिफंड करने की व्यवस्था की जाए।
इस मौके पर अन्य समस्याओं के संबंध में प्रमुख सचिव द्वारा व्यापारियों को आश्वासन दिया कि वह शीघ्र ही उनकी समस्याओं को शासन स्तर तक पहुंचा देंगे, जिसके बाद उनका समाधान कर दिया जाएगा।
इस मौके पर अरुण गोयल, संजय कुमार गुप्ता, चौ. विजेंद्र सिंह, एस के सक्सेना, सुमित माहेश्वरी, अमरीश जिंदल, संचित सिंघल, सचिन गोयल मौजूद रहे।