बदायूं के जरीफनगर इलाके के भोयस की मढ़ैया गांव में जयमाल कार्यक्रम के दौरान दुल्हन की तबीयत बिगड़ गई। इस पर दूल्हे ने शादी से ही इन्कार कर दिया। परिवार वाले दुल्हन को दवा दिलवाकर जब लौटे तब तक दूल्हा बरात लेकर वापस जा चुका था। दुल्हन के परिवारवाले उन्हें मनाने अनूपशहर तक गए, लेकिन दूल्हा नहीं माना। थक-हारकर दुल्हन के पिता ने दूल्हे और उसके परिवार वालों के खिलाफ तहरीर दी है।
दुल्हन के पिता के मुताबिक उन्होंने बेटी की शादी बुलंदशहर के अनूपशहर थाना क्षेत्र के गांव लक्षमपुर निवासी मोहित के साथ तय की थी। उन्होंने अपनी क्षमता के अनुसार दहेज में घरेलू जरूरत का सारा सामान और 5100 रुपये दिए थे। 13 जुलाई की रात बरात आई थी। उन्होंने और उनके रिश्तेदारों ने बरात का खूब स्वागत सत्कार किया। सभी बरातियों को भोजन कराया। दूसरी ओर शादी की रस्में निभाई जा रही थीं।
द्वारचार के बाद जयमाला कार्यक्रम शुरू हुआ, तभी दुल्हन की तबीयत खराब हो गई। यह देखकर वह बेटी को लेकर डॉक्टर के पास चले गए। उन्होंने अपनी बेटी को दवा दिलाई। तबीयत में कुछ सुधार होने पर वह घर लौटे, लेकिन तब तक दूल्हा और बराती वहां से जा चुके थे। अगले दिन महाराम अपने रिश्तेदारों को लेकर दूल्हे के घर पहुंचे। उन्होंने दूल्हे को मनाने की कोशिश की, लेकिन वह नहीं माना। ज्यादा कहने पर गालीगलौज कर उन्हें अपने घर से भगा दिया। इसके बाद उन्होंने दूल्हा पक्ष के खिलाफ थाने में तहरीर दी।