बदायूं। क्रिकेट कोच संतोष शर्मा आधुनिक युग के वह ‘द्रोणाचार्य’ हैं जो भविष्य के ‘अर्जुन’ तैयार करने में लगे हैं। खुद नार्थ इंडिया की टीम में खेलने वाले संतोष शर्मा के शिष्य खिलाड़ियों की ऐसी फेहरिस्त है जो देश में ही नहीं बल्कि विदेश में भी देश का नाम रोशन कर रहे हैं।
शहर के मोहल्ला कूंचापांडा निवासी संतोष शर्मा उम्र के छह दशक पार कर चुके हैं, लेकिन जोश उनका युवाओं जैसा है। रोजाना व्यायाम करके खुद को फिट रखने वाले संतोष उझानी स्थित एक इंस्टीट्यूट में पीटीआई और जिला क्रिकेट एसोसिएशन के सचिव हैं। बचपन में लगा क्रिकेट का शौक उनके लिए कब जुनून बन गया, इसका उन्हें भी पता नहीं चला। पहले घर के आगे पिच बनाकर खेलने वाले संतोष को पढ़ाई के दौरान एसके इंटर कॉलेज के तत्कालीन पीटीआई भास्कर शर्मा का मार्गदर्शन मिला तो वह आगे बढ़ते गए। साल 1980-81 में एनएमएसएन दास कॉलेज में उन्हें सीनियर क्रिकेट खेलने का मौका मिला।
तेज गेंदबाज के रूप में शुरुआत की तो नार्थ इंडिया की टीम में सलेक्ट होकर लुधियाना और अमृतसर में मैच खेले। राज्य स्तरीय टूर्नामेंट खेल चुके संतोष स्पोर्ट्स स्टेडियम में तदर्थ कोच के रूप में भी तैनात रहे, फिलहाल वह नए क्रिकेट खिलाड़ी तैयार करने में लगे हैं। संतोष बताते हैं कि क्रिकेट उनका जुनून बन चुका है। परिस्थितिवश वह तो आगे नहीं बढ़ सके लेकिन कुछ ऐसे खिलाड़ी तैयार करना चाहते हैं जो देश को पहचान दिला सकें।
बताते हैं कि फिलहाल 30 बच्चों को प्रशिक्षण दे रहे हैं, जिनमें लड़कियां भी शामिल हैं। एसोसिएशन की ओर से एसके मैदान में आरसीसी की पिच भी तैयार करा रहे हैं ताकि खिलाड़ियों को लाभ हो।
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कई को अंतर मंडलीय तक पहुंचाया, विदेश में भी खेल रहे शिष्य
संतोष शर्मा द्वारा प्रशिक्षित किए गए यश कुमार मसीह बतौर बल्लेबाज इस समय लंदन टाइगर क्लब से इंग्लैंड में मैच खेल रहे हैं जबकि अक्षत दुआ का इसी साल अंडर-19 टीम में चयन हुआ है और इस समय वह फेथ क्रिकेट क्लब भोपाल में कोचिंग ले रहे हैं। अक्षत अंतर मंडलीय तक खेल चुके हैं। इसके अलावा ध्वनित भारद्वाज तेज गेंदबाज के रूप में प्रशिक्षित हैं और सीनियर क्रिकेट के खिलाड़ी हैं। माधव गुप्ता चाइनामैन बॉलर के रूप में प्रशिक्षित होकर यूपी टीम के सर्वश्रेष्ठ 30 बच्चों में सलेक्ट हो चुके हैं।
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लड़कियों को भी सिखाने में आगे
संतोष शर्मा अपने दैनिक जीवन का ज्यादा टाइम खिलाड़ियों के प्रशिक्षण में ही बिताते हैं। वह केवल लड़कों को ही प्रशिक्षित नहीं करते, बल्कि लड़कियां भी उनसे क्रिकेट के गुर सीखने आती हैं। उनसे सीखी महिमा शर्मा रुहेलखंड की टीम में चयनित होकर 2018 में अमरोहा खेलने जा चुकी हैं तो इरम खान इस समय मणिपुर में रणजी ट्रॉफी खेल रही हैं। संतोष के अनुसार इरम देश की महिला क्रिकेट टीम में आने के लिए अपना दावा ठोक रही हैं। इसके अलावा अदिति वर्मा का अंडर-19 टीम में चयन हुआ है। सहसवान से आकर सीखने वाली गुंजन प्रजापति भी अब अंतर मंडलीय खेलने जाएंगी।