बदायूं। लॉकडाउन के बाद जिले में जैसे-जैसे छूट मिलती जा रही है, वैसे ही अपराध का ग्राफ तेजी से बढ़ने लगा है। इसका प्रमाण शुक्रवार वजीरगंज इलाके के पलई गांव में देखने को मिला। करीब आधा दर्जन बदमाशों ने असलहे के बल पर गांव में धावा बोल दिया। एक भैंस पिकअप में लाद ली। दूसरी लादने के दौरान जिन ग्रामीणों ने विरोध किया बदमाशों ने उन्हें गोली मार दी। बदमाशों ने एक महिला समेत तीन लोगों को गोली मारकर घायल कर दिया और फायरिंग करते हुए भाग गए।
इसकी सूचना पर पहुंची पुलिस अपने हाथ मलते रह गई। ये वारदार शुक्रवार रात करीब साढ़े 11-12 बजे की है। ग्रामीणों के मुताबिक बुजुर्ग दरियाव सिंह यादव कई दिन से बुखार आ रहा है। रात करीब साढ़े 11 बजे वह सोने से पहले दवा खाने की तैयारी में थे। उनकी चारपाई के नीचे दूध ठंडा हो रहा था। उसी वक्त तीन बदमाश छिपते हुए उनके खुले घर में घुस गए और उन्होंने दो भैंसों की जंजीर खोल कर उसके स्थान पर रस्सी बांध। फिर धीरे-धीरे भैंसों को घर के बाहर खींच ले गए। तभी मोहल्ले में कुत्ते भौंकने लगे। घर के बाहर कोई मौजूद होने की आहट सुनकर दरियाव सिंह का बेटा भूपेंद्र और उसकी पत्नी अनीता निकल कर आई। दोनों घर के अंदर बंधी भैंस गायब देखकर दंग रह गए। वह घर के बाहर दौड़े। तब तक बदमाश एक भैंस को अपनी पिकअप में लाद चुके थे। दूसरी भैंस को लादने की तैयारी में थे। दंपती ने उन्हें देखकर जैसे ही शोर मचाया कि बदमाशों ने फायरिंग शुरू कर दी। इससे दंपती छर्रे लगने से घायल हो गए। उसी समय पड़ोसी ओमकार सिंह (55) गांव के बाहर से आ रहे थे। उन्होंने बदमाशों को आगे से घेरने का प्रयास किया, जिससे बदमाशों उनको भी सीने में गोली दाग दी। लगातार कई फायर होने की आवाज सुनकर गांव में हड़कंप मच गया। दर्जनों लोग लाठी-डंडे लेकर और असलहे लेकर दौड़ पड़े। ग्रामीणों का शोर देखकर बदमाश फायरिंग करते हुए अपनी पिकअप गाड़ी दौड़ा ले गए। ग्रामीणों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी लेकिन पुलिस आधा घंटे बाद पहुंची। तब तक बदमाश वजीरगंज थाना क्षेत्र की सरहद से भी निकल गए। देर रात तक पुलिस बदमाशों को तलाश करती रही लेकिन उनका कुछ पता नहीं चला। परिवार वालों ने घायलों को जिला अस्पताल में भर्ती करा दिया है। उन्होंने पुलिस को तहरीर दी है जिस पर पुलिस ने अज्ञात बदमाशों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है।
जिला अस्पताल पहुंचे एसपी देहात, घायलों से ली जानकारी -वजीरगंज इलाके में इतनी बड़ी वारदात होने के बावजूद पुलिस ने शनिवार दोपहर तक एफआईआर दर्ज नहीं की। इसकी सूचना पर एसपी देहात डॉ. सुरेंद्र प्रताप सिंह स्वयं जिला अस्पताल पहुंचे और उन्होंने घायलों से जानकारी ली। जिस पर घायलों ने उन्हें आपबीती सुनाई और दोपहर तक रिपोर्ट दर्ज न होने की शिकायत की। जिस पर उन्होंने आश्वासन दिया कि पुलिस अपनी ओर से पूरी कार्रवाई करेगी। इससे शाम के समय रिपोर्ट लिख ली गई।
रात लगी गोली, दोपहर तक नहीं हुआ मेडिकल :
-वजीरगंज थाना क्षेत्र में बदमाशों ने जिन लोगों को गोली मारी थी, वे घायल थाना पुलिस से चिट्ठी लेकर जिला अस्पताल पहुंचे लेकिन उस चिट्ठी पर अस्पताल में उनका मेडिकल परीक्षण नहीं किया गया। परिवार वालों का आरोप है कि अस्पताल का स्टाफ उनसे 10 हजार रुपये मांग रहा था। इसकी उन्होंने उच्चाधिकारियों से शिकायत करने की बात कही है।
-पलई गांव में मुख्य रूप दो लोग घायल हुए हैं। दोनों की हालत ठीक है। इस मामले में एफआईआर दर्ज कर ली गई है। बाकी बदमाशों को पकड़ने के लिए पुलिस टीमें लगा दी गईं। कोशिश है कि जल्द से जल्द बदमाशों को पकड़ लिया जाएगा।
- राघवेंद्र सिंह राठौर, सीओ बिसौली