बदायूं। सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर शहर में एक महिला से साढ़े तीन लाख रुपये की ठगी हो गई। एक आरोपी ने खुद को अधिशासी अभियंता पीडब्ल्यूडी एटा का पीओ बताया था। कहा था कि वह पीडब्ल्यूडी में उसकी बेटी को लिपिक बनवा देगा। महिला ने तीन लोगों के खिलाफ एफआईआर कराई है।
कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला सराय फकीर निवासी अनीता सारस्वत पत्नी मदनलाल के मुताबिक ऊपरपारा मोहल्ले का इमरान खान उसका परिचित था। उसने कहा था कि वह अधिशासी अभियंता पीडब्ल्यूडी एटा मुनेंद्र सिंह यादव का पीओ है। वह तुम्हारी बेटी कीर्ति की पीडब्ल्यूडी में लिपिक के पद पर नौकरी लगवा सकता है। उंने नौकरी दिलाने का पूरा भरोसा दिलाया। इससे अनीता ने अपनी बेटी और नोएडा के सुनील सिंह की नौकरी लगवाने की बात की। पांच जुलाई 2021 को अनीता और सुनील इमरान के घर पहुंचे। वहां इमरान का भाई फारूख खान और उसकी पत्नी मौजूद थी। इमरान ने उसकी बेटी की नौकरी लगवाने के नाम पर दो लाख और सुनील से डेढ़ लाख रुपये लिए। यह लेनदेन लिखित में हुआ था। छह अक्तूबर 2021 को कचहरी में भी इसकी लिखापढ़ी कराई गई थी। उसके बाद कई बार उन्होंने इमरान को कॉल की। वह आजकल करता रहा। उनके पास तमाम कॉल रिकॉर्ड मौजूद हैं। 24 दिसंबर 2021 को उसने रुपये देने से स्पष्ट मना कर दिया। पहले महिला ने कोतवाली जाकर इस संबंध में तहरीर दी थी। जब मामला दर्ज नहीं हुआ तो वह पुलिस अधिकारियों के पास पहुंची। अब उसकी तहरीर पर पुलिस ने इमरान, फारूख और उसकी पत्नी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है। पुलिस इसकी विवेचना कर रही है।