म्याऊं। सरकारी मशीनरी का काम करने का तरीका राम भरोसे है। जिस सचिव पर ग्राम प्रधान के साथ मिलकर गांव के विकास कार्यों के लिए आई धनराशि का घोटाले करने के आरोप लगे थे, उसी सचिव को खंड शिक्षा अधिकारी ने जांच सौंप दी। जांच शुरू हुई तो एक बार फिर शिकायतकर्ता ने जिलाधिकारी से शिकायत कर दी। अब अधिकारियों ने किसी दूसरे अधिकारी से जांच कराने की बात कहीं हैं।
उसावां ब्लॉक क्षेत्र के गांव भसंदुरा निवासी अशफाक हुसैन ने 19 सितंबर को अपनी ग्राम पंचायत में विकास कार्य के लिए आए सरकारी धन का दुरुपयोग करने का आरोप ग्राम प्रधान और सचिव पर लगाते जिलाधिकारी से शिकायत की थी। जिलाधिकारी ने इस मामले की जांच करने के निर्देश दिए तो खंड विकास अधिकारी ने उसी सचिव को जांच सौंप दी जिस पर आरोप लगे थे। सचिव ने जांच शुरू कर दी। जब यह बात शिकायतकर्ता को पता चली तो उन्होंने शुक्रवार को फिर से जिलाधिकारी से पूरे मामले की शिकायत की है। हालांकि जानकारी होने के बाद अधिकारी दोबारा किसी दूसरे अधिकारी से जांच कराने की बात कह रहे हैं।
शिकायत मिलने के बाद मैंने भसुंदरा ग्राम पंचायत पर ही तैनात सचिव असद खान से ही जांच कराई है। अगर शिकायतकर्ता को कोई आपत्ति हैं तो एडीओ पंचायत से दोबारा जांच करा लेंगे।
मनीष सिंह वर्मा, खंड विकास अधिकारी ब्लॉक उसावां
जिस पर आरोप लगे है अगर वहीं जांच कर रहा है तो यह गलत है। दूसरे किसी अधिकारी से जांच कराई जाएगी।
केशव कुमार, सीडीओ