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Budaun News: मोमबत्ती की रोशनी में स्टाफ नर्स ने एक रात में कराए पांच प्रसव

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उसहैत के पीएचसी में मौजूद प्रसूता। संवाद
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बदायूं। उसहैत में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर मोमबत्ती की रोशनी में स्टाफ नर्स इंद्रा पाल ने पांच गर्भवती महिलाओं का प्रसव कराया। शनिवार रात आठ बजे से स्टाफ नर्स सुबह पांच बजे तक भीषण गर्मी व मोमबत्ती की रोशनी के बीच प्रसव कार्य में लगी रहीं। इनमें चार महिलाओं के लड़की व एक के लड़का पैदा हुआ।
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पीएचसी उसहैत के प्रसव केंद्र पर शनिवार रात करीब आठ बजे बिरिया डाडा गांव निवासी रोहित श्रीवास्तव अपनी पत्नी शीतल को लेकर पहुंचे। शीतल को प्रसव पीड़ा हो रही थी। प्रसव केंद्र पर रात में अंधेरा पसरा था। यहां दो दिन से बिजली नहीं आ रही थी, लिहाजा इन्वर्टर भी बंद था। ऐसे में स्टाफ नर्स इंद्रा ने मोमबत्ती जलाकर उसकी रोशनी में प्रसव कराया।
इसके बाद घस नगला, ललोमई, असमयारफतपुर गांव की गर्भवती भी प्रसव केंद्र पर आ गईं। रात में स्टाफ नर्स ने इनका भी प्रसव कराया। भीषण गर्मी व अंधेरे के बीच मोमबत्ती की रोशनी में स्टाफ नर्स ने रात आठ से सुबह पांच बजे तक पांच गर्भवतियों के प्रसव कराए। सभी जच्चा-बच्चा सुरक्षित हैं। इन्हें घर भेज दिया गया।
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परिजन ने स्टाफ नर्स इंद्रा की सराहना की। इंद्रा ने बताया कि प्रसव केंद्र पर इन्वर्टर है, लेकिन दो दिन से बिजली न आने के कारण बैटरी डाउन थी। रात में एक-एक करके प्रसव के केस आते रहे। अगर प्रसव नहीं करती तो गर्भवती की जान को खतरा हो सकता था। इसलिए मोमबत्ती की रोशनी में ही प्रसव किए गए।
वहीं ग्रामीणों ने बताया कि यहां जेनरेटर भी उपलब्ध है, लेकिन रात में इसे चलाने वाला कोई नहीं। शाम के बाद यहां कोई डॉक्टर नहीं रहता। महज स्टाफ नर्स के हवाले प्रसव केंद्र को छोड़ दिया जाता है।
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