बदायूं। लोकसभा चुनाव की तैयारियां जोरों पर हैं। वहीं परिवहन निगम के अधिकारी चुनाव के साथ-साथ होली की तैयारियों में लगे हैं। सुरक्षा बलों को लाने ले जाने के लिए रोडवेज की छह बसें और भेजी गईं हैं। पहले दो बसें पहले गईं थीं। इससे होली पर यात्रियों को परेशानी बढ़ सकती है।
परिवहन निगम के पास कुल 125 सरकारी और 43 अनुबंधित बसें हैं। उनका लगातार संचालन होने की वजह से 10-15 बसें वर्कशॉप में मरम्मत के लिए खड़ी रहती हैं। अभी कुछ दिन पहले दो बसों का एक्सीडेंट हो गया था, जिसमें दोनों काफी क्षतिग्रस्त हो गईं थीं। अगर हकीकत पर गौर करें तो केवल 100 बसों का ही रोजाना संचालन हो पाता है।
करीब 15 दिन पहले दो रोडवेज बसें लोकसभा चुनाव में लगाई गईं थीं। इसके बाद छह और बसें चुनाव में लगा दी गईं। इनमें एक बस बरेली, एक फर्रुखाबाद और छह बसें दिल्ली रूट पर चल रहीं थीं। हालांकि अभी बसों के कम होने से परिवहन निगम पर ज्यादा फर्क नहीं पड़ा है, लेकिन होली के नजदीक आते ही यात्रियों को दिक्कत बढ़ जाएगी। बताया जा रहा है कि चुनाव में अभी और बसों को लगाया जाएगा। तब बसों की संख्या और कम हो जाएगी। फिर होली के मौके पर यात्रियों को ज्यादा परेशानी होगी। फिर भी परिवहन निगम की ओर से होली पर व्यवस्था संभालने की कोशिश चल रही है।
होली पर दिल्ली रूट की बसों में बढ़ जाएंगे यात्री
परिवहन निगम को सबसे ज्यादा आमदनी दिल्ली-बदायूं रूट से होती है। बदायूं, शाहजहांपुर और फर्रुखाबाद के लोग दिल्ली में मेहनत मजदूरी करते हैं। सभी लोग त्योहार पर घर आते हैं। अनुमान है कि होली के चार-पांच दिन पहले से बसों में भीड़ बढ़ जाएगी। बसों की कमी के चलते अन्य बसों को ज्यादा चक्कर लगाने पड़ेंगे।
अब तक चुनाव में आठ बसों को लगाया जा चुका है। इस समय होली की भी तैयारियां चल रहीं हैं। यात्रियों की संख्या देखकर बसों के ज्यादा चक्कर लगवाए जाएंगे, जिससे व्यवस्था नहीं बिगड़ेगी।- धणेंद्र कुमार चौबे, एआरएम परिवहन निगम