बदायूं। नगर पंचायत इस्लामनगर में तैनात सफाई कर्मचारी मंगलवार से काम बंद कर धरने पर बैठ गए हैं। उनका कहना है कि नियमित और संविदा कर्मचारियों को शासनादेश के तहत वेतन का भुगतान नहीं किया जा रहा है। आउट सोर्सिंग कर्मचारियों को चार माह से मानदेय नहीं दिया गया है। इससे उन्हें गंभीर आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा हैै।
इस्लामनगर नगर पंचायत में तैनात सफाई कर्मचारियों ने मंगलवार को नगर में सफाई नहीं की। इसकी वजह से नगर में कूड़े के ढेर लगे हैं। धरने पर बैठे सफाई कर्मचारियों का आरोप है कि आउट सोर्सिंग कर्मचारियों को चार माह से मानदेय नहीं दिया गया है। उनके वेतन से पीएफ काटा जाता है, लेकिन कर्मचारियों को फंड नहीं दिया जाता है।
नियमित और संविदा कर्मचारियों को ठंडी, गरम वर्दी नहीं दी गई है। कोई सफाई उपकरण भी नहीं दिया जा रहा है। नियमित और संविदा कर्मचारियों को अक्तूबर से वेतन नहीं मिला है। रघुवीर, नीरज कुमार, अजय, लखन, मनोज, करन, मोहित आदि का कहना है कि ईओ ने अक्तूबर के वेतन बिल पर हस्ताक्षर कर दिए हैं, लेकिन नगर पंचायत अध्यक्ष ने वेतन के चेक पर अब तक हस्ताक्षर नहीं किए हैं। इस मौके पर मिट्ठू, महेश, अभिषेक, विक्रम आदि मौजूद रहे।
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कुछ सफाई कर्मचारी हड़ताल में शामिल नहीं
नगर में सफाई कर्मचारियाें की हड़ताल के बाद कुछ कर्मचारियों ने पंचायत अध्यक्ष से मुलाकात कर उन्हें पत्र सौंपा। इसमें कहा गया है कि वे हड़ताल में शामिल नहीं हैं। वे रोजाना की तरह मंगलवार को भी सफाई कार्य करने गए, लेकिन हड़ताली कर्मचारियों ने उन्हें काम नहीं करने दिया। पत्र पर संदीप कुमार, दीपक, मुनेश, गंगाराम, राज, तुषार आदि ने हस्ताक्षर किए हैं।