सैदपुर । वजीरगंज थाना क्षेत्र के गांव उरैना में राजकुमार कोरी की मौत के मामले में आखिरकार पुलिस ने उनके बेटों को निर्दोष मानते हुए फाइनल रिपोर्ट लगा दी। राजकुमार की मौत सिर और सीने में चोट लगने से हुई थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में उनकी पसलियां टूटी हुईं और फेफड़े फटे मिले थे। गांव के चौकीदार ने उनके दो बेटों को नामजद कराया था। अब पुलिस का कहना है कि उनकी हत्या का कोई सुबूत नहीं मिला। उनकी मौत नशे में गिरने से हुई थी।
ग्राम उरैना निवासी राजकुमार की मौत 23 सितंबर 2023 को हुई थी। ग्रामीणों का कहना था कि राजकुमार को शराब पीने की लत थी। उस रात भी वह शराब पीकर घर आए। उन्होंने परिवार वालों के साथ गाली-गलौज की, जिससे परिवार वालों ने उनके साथ मारपीट की थी। शोर शराबा सुनकर मोहल्ले वाले रात में ही उनके घर एकत्र हो गए। उन्होंने राजकुमार को बचाने की कोशिश की थी लेकिन परिवार वालों ने उनसे कह दिया कि उनके आपस का मामला है। दूसरे दिन सुबह राजकुमार का चारपाई पर शव पड़ा मिला। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में पांच पसलियां और फेफड़े फटे मिले थे। इस संबंध में थाना पुलिस ने गांव के चौकीदार की तहरीर पर राजकुमार के बेटे अरुण और प्रदीप के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज कर लिया था। इस घटना की विवेचना वजीरगंज थाने में तैनात रहे एसआई राकेश चौहान कर रहे थे। उन्होंने हाल ही में कोई सुबूत न मिलने की बात कहकर गैरइरादतन हत्या के मामले में फाइनल रिपोर्ट लगा दी। विवेचक का कहना है कि राजकुमार की मौत जमीन पर गिरने से हुई थी। उसमें कोई गवाह भी नहीं मिला और न ही कोई सुबूत मिले थे।
सीओ बिसौली सुनील कुमार ने बताया कि इस मामले के बारे में मुझे जानकारी नहीं है। अगर इसमें फाइनल रिपोर्ट लगा दी गई है तो इसके बारे में पता करते हैं। उसके बाद ही कुछ बताया जा सकता है।