बदायूं। फर्जी शपथ पत्र देने के मामले में वजीरगंज के नगर पंचायत अध्यक्ष और तत्कालीन ईओ के खिलाफ सीजेएम कोर्ट ने मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया है।
नगर पंचायत वजीरगंज वार्ड नौ के सभासद सुमित वार्ष्णेय ने कोर्ट में दिए प्रार्थना पत्र में बताया है कि वह भाजपा के चुनाव चिन्ह से निर्वाचित हुए है। 15 फरवरी को उन्होंने नगर पंचायत वजीरगंज की अध्यक्ष नूरसबा बेगम व अधिशासी अधिकारी अखिलेश दीक्षित के घोटाले की जांच कराने के लिए डीएम को प्रार्थना पत्र दिया था। शिकायत की जानकारी होते ही नूरसबा बेगम, अखिलेश दीक्षित ने नोटरी अधिवक्ता, स्टांप वैंडर व अन्य सहयोगियों के साथ षडयंत्र रचकर फर्जी तरीके से शपथ पत्र तैयार करवाकर उसके द्वारा की गई शिकायत को निरस्त कराने को दे दिया। जबकि उसने ऐसा कोई शिकायती पत्र नहीं दिया। धोखाधड़ी करते हुए उसकी छवि धूमिल की है। घटना की रिपोर्ट लिखाने थाने गया, लेकिन रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई। एसएसपी से भी शिकायत की। इसके बाद कोर्ट की शरण ली। अब मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट मोहम्मद तौसीफ रजा ने वजीरगंज पुलिस को मुकदमा दर्ज कर विवेचना करने के निर्देश दिया है।