बदायूं। सहसवान क्षेत्र में कोतल नगला से खरकवारी मानपुर पुख्ता मार्ग के बीच में बने रपटा पुल की जगह अब वहां पर लघु सेतु बनाया जाएगा। इसको लेकर लोक निर्माण विभाग ने कार्य योजना तैयार कर ली है। लघु सेतु 2.95 करोड़ रुपये की लागत से बनाया जाएगा। ऐसे में बरसात के दिनों में लोगों को इधर से आने जाने में परेशानी नहीं होगी।
पहाड़ाें और मैदानी क्षेत्र में होने वाली बारिश का असर गंगा, रामगंगा व अन्य नदियों में साफ तौर पर देखा जाता है। इसमें दातागंज और सहसवान तहसील में बाढ़ से कई गांव प्रभावित होते हैं। यहां हर साल बाढ़ आती है। सहसवान के कोतल नगला से खरकवारी मानपुर पुख्ता रोड पर रपटा पुल बना हुआ है।
जब बाढ़ आती है ताे पानी रपटा पुल के ऊपर आ जाता है। इससे यहां आवागमन बंद हो जाता है। पुल के दोनों तरफ करीब 14 गांव का एक-दूसरे से संपर्क कट जाता है। रपटा पुल पर लघु सेतु का निर्माण कराने को लोक निर्माण विभाग की ओर से कार्य योजना को बनाया गया है। 30 मीटर के इस लघु सेतु को बनाने में 2. 95 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इसको लेकर विभाग की ओर से कार्य योजना को तैयार किया गया है।
इन गांव को मिलेगा फायदा
हरदत्तपुर, गढौलिया पट्ट तासौल, रसूलपुर बेला, धापड़, धूरनपुर, सुजातनंज बेला, अब्बू नगर, खिरकवारी मानपुर पुख्ता, असेका नगला, ठप्पा जामिनी, नगला बरन, जरीफपुर गाढि़या, तोफी नगला, कोतल नगला आदि शामिल हैं।
इस लघु सेतु को बनाने के लिए कार्य योजना बनाई गई है। करीब 30 मीटर का लघु सेतु बनाया जाएगा। इसको लेकर आगे की कार्रवाई जल्द ही पूरी की जाएगी। - डीपी सिंह, एक्सईएन, लोक निर्माण विभाग
महावा नदी पर बनेगा पुल, 24 गांव के लोगों को मिलेगी राहत
- 25 करोड़ की लागत से होगा निर्माण, 120.65 मीटर लंबा होगा पुल
संवाद न्यूज एजेंसी
बदायूं। बरसात के दौरान गंगा में आने वाली बाढ़ से अब बिल्सी के करीब 24 गांव के लोगों को राहत मिलेगी। महावा नदी पर नया पुल बनाने की तैयार की जा रही है। इसको लेकर विभाग ने कार्य योजना तैयार कर ली है। करीब 25 करोड़ रुपये की लागत से 120.65 मीटर लंबा पुल बनाया जाएगा।
सहसवान तहसील के गांव बडेरिया से जरीफपुर गढि़या के बीच में होकर महावा नदी निकलती है। वैसे तो अमूमन यह सूखी रहती है, लेकिन बारिश या बाढ़ आने के दौरान इसमें पानी आ जाता है। इससे दोनों तरफ के गांव का संपर्क टूट जाता है। यहां बनी पुलिया भी पानी में डूब जाती है। ऐसे में काफी समय से लोग यहां पर पुल की मांग करते आ रहे हैं।
स्थानीय लोगों ने जनप्रतिधिनियों से लेकर तहसील और जिलास्तरीय अधिकारियों से यहां पर पुल बनवाने की मांग की, लेकिन इस ओर किसी ने ध्यान नहीं दिया। अब बिल्सी विधायक हरीश शाक्य ने यहां पुल बनवाने के लिए शासन को पत्र लिखा। इसके बाद विभागीय अधिकारियों ने कार्य योजना तैयार कर शासन को भेजी। ग्रामीणों का कहना है कि महावा नदी पर पुल बन जाने से बरसात में आवागमन प्रभावित नहीं होगा।
10 किलोमीटर का अतिरिक्त सफर बचेगा
अभी जिन लोगों को कछला से जरीफपुर गढ़िया जाना होता है वह कछला, सहसवान होते हुए जरीफपुर गढ़िया जाते हैं। ऐसे में उनकाे कछला से 20 किलोमीटर सहसवान, उसके बाद जरीफपुर गाढि़या 14 किलोमीटर जाना पड़ता है। अगर गांव बडेरिया से जरीफपुर गाढि़या के बीच में पुल बन जाता है तो कछला से लोगों को सहसवान जाने की जरूरत नहीं होगी, बल्कि सहसवान से काफी पहले बडेरिया गांव होते हुए जरीफपुर गाढि़या जा सकेंगे। इसमें करीब 10 किलोमीटर का फेर बचेगा।
महावा नदी पर पुल बनाने का प्रस्ताव तैयार करके शासन को भेजा जा रहा है। पुल करीब 120 मीटर बनाया जाना प्रस्तावित है। - अरुण कुमार गुप्ता, परियोजना प्रबंधक, सेतु निगम