वजीरगंज में बुध्द कथा का श्रवण करते लोग। संवाद
वजीरगंज। नगर के बिल्सी रोड स्थित डाॅ. बीआर आंबेडकर पार्क में रविवार को कथा सुनाते हुए आचार्य रामनिवास शाक्य ने भगवान बुद्ध और यशोधरा के विवाह का प्रसंग सुनाया। भगवान बुद्ध का जन्म सिद्धार्थ गौतम के रूप में हुआ था। उनके पिता राजा शुद्धोधन ने उनके लिए यशोधरा के साथ विवाह किया। यशोधरा एक सुंदर और गुणवान राजकुमारी थीं। यशोधरा एक आदर्श पत्नी थीं और उन्होंने सिद्धार्थ गौतम के साथ सुखी जीवन बिताया। वह एक अच्छी माता भी थीं और उनके पुत्र राहुल को बहुत प्यार करती थीं। जब सिद्धार्थ गौतम ने घर त्याग का निर्णय किया, तो यशोधरा ने उन्हें रोकने का प्रयास नहीं किया। उन्होंने अपने पति के निर्णय का सम्मान किया और उन्हें जाने दिया। सिद्धार्थ गौतम के घर त्याग के बाद यशोधरा ने अपने पुत्र राहुल को पालने और उनकी देखभाल करने पर ध्यान केंद्रित किया। बाद में जब सिद्धार्थ गौतम बुद्ध बन गए तो यशोधरा भी भिक्षुणी बन गईं और उन्होंने अपने जीवन को धर्म और अध्यात्म के लिए समर्पित कर दिया। बाद में यहां प्रसाद का वितरण किया गया। इस मौके पर रामलाल मौर्य, इतवारी लाल, राजपाल सिंह, राजीव कुमार, डा,लखन सिंह आदि मौजूद रहे। संवाद