उझानी में महायज्ञ में आाहुतियां अर्पित करते भक्त। संवाद
उझानी। बरामयखेड़ा गांव में कलश यात्रा के बाद सोमवार से श्री लक्ष्मीनारायण महायज्ञ शुरू हो गया। अरिण मंथन के बाद आचार्य गौरव मिश्रा ने श्रद्धालुओं को प्रभुराम के जीवन के बारे में बताया। कहा- भगवान राम के विचार जीवन में उतारने से कल्याण होगा।
आचार्य विष्णुचित्त महाराज की मौजूदगी में महायज्ञ प्रात: 10 बजे शुरू हुआ। अरिण मंथन के बाद श्रद्धालुओं ने महायज्ञ में आहुतियां अर्पित कीं। आचार्य ने महायज्ञ का महत्व समझाया। कहा कि पुण्य कर्म जागृत होने पर यज्ञ में आहुतियां अर्पित करने का अवसर प्राप्त होता है। उन्होंने यज्ञ से जुड़े प्रसंग भी सुनाए।
रामकथा के दौरान आचार्य गौरव मिश्रा ने श्री रामजन्म से लेकर विश्वामित्र के साथ वन जाने की कथा के प्रसंग सुनाए। ब्रह्मपाल सिंह, सुरेशचंद्र शर्मा, वीरेंद्र चौहान, धर्मेंद्र सिंह, सत्येंद्र सिंह, सत्यपाल सिंह और धीरेंद्र सिंह मौजूद रहे। संवाद