एआरटीओ कार्यालय के बाहर जांच करते एडीएम वित्त डा वैभव शर्मा। संवाद
बदायूं। एआरटीओ कार्यालय के बाहर दलालों के बैठने का मामला मंगलवार को सुर्खियों में आया तो डीएम ने जांच के लिए एडीएम वित्त को मौके पर भेजा। लेकिन एडीएम के पहुंचने से पहले ही उनके एआरटीओ कार्यालय में आने की खबर पहुंच गई। इसके बाद दलाल दुकानें बंदकर भाग गए।
एआरटीओ कार्यालय के बाहर एक बार फिर से दलाल सक्रिय होने की खबर मंगलवार के अंक में प्रमुखता से प्रकाशित हुई तो डीएम ने संज्ञान लेकर एडीएम वित्त एवं राजस्व को जांच के निर्देश दिए। मंगलवार को उनके पहुंचने से पहले ही छापे की सूचना पहुंच गई। जब वह माैके पर पहुंचे तो दुकानों में ताले मिले। उन्होंने कार्यालय पहुंचकर एआरटीओ से मामले की जानकारी ली और बाबुओं के पटलों को चेक किया। उन्हें कार्यालय में कोई खामी नजर नहीं आई।
अमर उजाला ने मंगलवार को प्रकाशित अंक में एआरटीओ कार्यालय के बाहर दलाल बैठने की खबर प्रकाशित की थी। डीएम ने इसका संज्ञान लेने के बाद दोपहर करीब 12 बजे एडीएम वित्त एवं राजस्व डॉ. वैभव शर्मा को एसडीएम न्यायिक बिसौली प्रवर्धन शर्मा के साथ एआरटीओ कार्यालय के बाहर बैठे दलालों के ठिकानों पर छापे मारने के लिए भेजा। खास बात यह रही कि अधिकारियों के पहुंचने से पहले उनके आने की खबर पहुंच गई। दलाल दुकानों को बंद कर भाग गए। जब अधिकारी पहुंचे तो यहां सामने चाय की दुकान, खोखे व सामने बनी दुकानें तक बंद थी। रोजाना खड़ी होने वाली वैन में से एक भी मौजूद नहीं थी। दुकानें बंद देख दोनों अधिकारी एआरटीओ कार्यालय पहुंचे। कार्यालय में उन्होंने एआरटीओ रामबचन गुप्ता से पूरे मामले की जानकारी ली। साथ ही बाबुओं के पटल को चेक किया। एडीएम ने एआरटीओ को दलालों के आने पर पूरी तरह से रोक लगाने की हिदायत दी।
मौके पर जाकर जांच पड़ताल की गई लेकिन कोई दलाल नहीं मिला। लगातार निगरानी की जाएगी। अगर ऐसा मामला सामने आता है तो फिर छापेमारी कर कार्रवाई की जाएगी।-डॉ. वैभव शर्मा, एडीएम वित्त एवं राजस्व