बदायूं/अलापुर। कोरोना वायरस फैलाने के आरोप में एक और कोरोना पॉजिटिव के खिलाफ अलापुर थाना पुलिस ने एफआईआर दर्ज की है। ये कोरोना पॉजिटिव दिल्ली से भागकर म्याऊं आ गया था। वह कस्बे से लेकर शहर तक घूमता रहा लेकिन उसने पुलिस-प्रशासनिक अधिकारियों को सूचना नहीं दी। चौथे दिन जब इसके बारे में पता चला तो हड़कंप मच गया। इसके बाद ककराला कस्बे को हॉटस्पॉट घोषित किया गया।
ककराला कस्बे के वार्ड नंबर 21 निवासी युवक दिल्ली के उत्तम नगर इलाके में गाड़ी चलाता था। 30 मई को उसकी आंख में चोट लग गई थी। इस पर वह दिल्ली के ही गुरुनानक हॉस्पिटल में दवा लेने गया था। जहां चिकित्सक ने उसे कोरोना संक्रमण की जांच कराने को कहा था। इस पर उसने पंडित दीनदयाल उपाध्याय हॉस्पिटल में एक जून को अपना कोरोना की जांच के लिए सैंपल दिया। तीन जून को उसकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई। जिस पर चिकित्सकों ने उसे होम क्वांरटीन में रहने को कहा था। युवक सात जून तक युवक अपने कमरे में रहा। उसी रात वह कमरे पर ताला डालकर आनंद बिहार बस स्टैंड पहुंचा और रोडवेज बस में सवार होकर सुबह बदायूं रोडवेज स्टैंड पर पहुंच गया। यहां से टेंपो में सवार होकर ककराला पहुंचा लेकिन उसने किसी अधिकारी को इसकी सूचना नहीं दी। वह आठ जून से ककराला के अलावा शहर में घूमता रहा। 11 जून को जब इसके बारे में पुलिस-प्रशासनिक अधिकारियों को पता चला कि हड़कंप मच गया। हालांकि एक प्रशासनिक अधिकारी ने कहा था कि युवक को नहीं पता था कि वह कोरोना पॉजिटिव था लेकिन फिर उसे डॉक्टर ने क्यों कहा था कि वह होम क्वांरटीन रहे। उसे बताई गई रिपोर्ट के बारे में उसने अधिकारियों को सूचना क्यों नहीं दी। आखिर में जिला प्रशासन ये मान गया कि उसने ये हरकत जानबूझकर की थी। डीएम कुमार प्रशांत ने उसी दिन कहा था कि पॉजिटिव के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। शुक्रवार देर रात ककराला चौकी इंचार्ज एसआई राजेंद्र सिंह ने कोरोना पॉजिटिव के खिलाफ तहरीर दी। जिस पर थाने में उसके खिलाफ वैश्विक माहमारी फैलाने के आरोप में रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है।