डीएस कोठी के फर्जी कागजात बनाकर बेचने का आरोप
संवाद न्यूज एजेंसी
बदायूं। मैथोडिस्ट चर्च के जिला अधीक्षक पादरी ईपी सिंह ने चार लोगों के खिलाफ डीएस कोठी बेचने के आरोप में एफआईआर दर्ज कराई है।
पादरी ईपी सिंह के अनुसार, नेकपुर मोहल्ले में चर्च की कुछ जगह है। वहां बनी डीएस कोठी जिला अधीक्षक के आवास के रूप में प्रयोग होती रही है। चार जुलाई 2022 को उन्होंने गृहकर और जलकर के 90 हजार रुपये भी जमा किए थे। बीत 15 जनवरी को उन्हें पता चला कि गाजियाबाद के साहिबाबाद निवासी डैन्जिल डी विल्सन ने शहर में प्रोफेसर कॉलोनी निवासी विजय नारंग के साथ मिलकर फर्जी रूप से उसके कागजात तैयार करा लिए हैं। बाद में डैन्जिल डी विल्सन ने खुद को स्वामी दर्शाते हुए विजय नारंग के नाम रजिस्ट्री कर दी। उसमें बदायूं के मोहम्मद उमर और अमन भारती को गवाह दर्शाया गया है। जबकि इन लोगों का कोठी से कोई वास्ता नहीं है। उन्होंने चारों लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी और कूट रचित दस्तावेज तैयार करने के आरोप में रिपोर्ट दर्ज कराई है।